मुरादाबाद। जनपद के बिलारी थाना क्षेत्र से एक ऐसा मामला सामने आया है, जिसने सामाजिक और पारिवारिक स्तर पर हलचल मचा दी है। यहां की एक युवती ने बिहार निवासी युवती के साथ विवाह कर लिया और दोनों अब साथ रहने पर अडिग हैं।
जानकारी के अनुसार, दोनों युवतियां उत्तराखंड के रुद्रपुर स्थित एक धागा फैक्ट्री में काम के दौरान एक-दूसरे के संपर्क में आईं। धीरे-धीरे यह परिचय गहरे रिश्ते में बदल गया। परिवारों से बिना बताए दोनों ने राजस्थान के एक मंदिर में जाकर विवाह कर लिया।
कुछ समय बाद बिलारी निवासी युवती के परिजनों को इसकी भनक लगी। उन्होंने समझदारी दिखाते हुए दोनों को भरोसे में लिया और गांव बुला लिया। हालांकि, गांव पहुंचने पर परिजनों ने उनके संबंध पर कड़ी आपत्ति जताई। युवती के पिता की शिकायत पर पुलिस दोनों को थाने ले आई, जहां घंटों तक समझाने का प्रयास किया गया, लेकिन दोनों अपने फैसले पर अडिग रहीं।
इसी बीच, लगभग एक सप्ताह पूर्व बिलारी की युवती के घर में दूसरी बेटी की शादी थी। परिजनों ने फिर से दोनों को भरोसा दिलाया कि उन्हें उनके रिश्ते से कोई आपत्ति नहीं है और सिर्फ पारिवारिक कार्यक्रम में शामिल होने के लिए गांव आने का आग्रह किया। इस पर दोनों युवतियां शादी समारोह में शामिल होने पहुंच गईं।
लेकिन गांव में उनके साथ रहने के तरीके को लेकर विवाद फिर गहराया। रविवार सुबह युवती के पिता ने डायल 112 पर कॉल कर पुलिस को बुलाया और बिहार की युवती पर तंत्र क्रिया तथा अपनी बेटी को बहलाने-फुसलाने के आरोप लगाते हुए शिकायत दी।
सूचना मिलते ही पुलिस मौके पर पहुंची और दोनों युवतियों को थाने लाकर पूछताछ की। पूछताछ में बिहार निवासी युवती ने स्पष्ट किया कि शादी का प्रस्ताव बिलारी की युवती की ओर से ही आया था और उसी के कहने पर दोनों रुद्रपुर से राजस्थान जाकर विवाह बंधन में बंधी थीं।
थाना प्रभारी उदय प्रताप सिंह ने बताया कि दोनों युवतियों को समझाने की पूरी कोशिश की गई, लेकिन वे साथ रहने के अपने निर्णय पर कायम रहीं। चूंकि दोनों बालिग हैं, इसलिए कानूनी रूप से उन्हें अपनी मर्जी से जीवन जीने का अधिकार है। ऐसे में पुलिस ने कोई कार्रवाई न करते हुए दोनों को स्वतंत्र रूप से जाने दिया।
यह मामला क्षेत्र में चर्चा का विषय बना हुआ है और पारिवारिक-सामाजिक मान्यताओं के बीच व्यक्तिगत स्वतंत्रता को लेकर बहस छेड़ रहा है।
