उत्तर प्रदेश में पिछले दो दिनों से जारी भारी बारिश, तेज आंधी और आकाशीय बिजली गिरने की घटनाओं ने व्यापक तबाही मचाई है। इस प्राकृतिक आपदा में अब तक 24 लोगों की मौत हो चुकी है, जबकि 15 लोग घायल हुए हैं। वहीं, 16 पशुओं की भी जान चली गई है। प्रदेश के कई जिलों में मौसम के इस कहर से जनजीवन अस्त-व्यस्त हो गया है। मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने इस घटना पर गहरा दुख व्यक्त किया है।
जानकारी के मुताबिक, कई क्षेत्रों में तेज हवाओं के साथ लगातार बारिश और बिजली गिरने की घटनाएं सामने आ रही हैं। खेतों में काम कर रहे किसान, खुले में मौजूद लोग और कच्चे घरों में रहने वाले परिवार सबसे ज्यादा प्रभावित हुए हैं। कई जगह पेड़ गिरने, बिजली आपूर्ति बाधित होने और जलभराव जैसी समस्याएं भी देखने को मिली हैं।
मुख्यमंत्री ने मृतकों के परिजनों के प्रति संवेदना जताते हुए कहा है कि राज्य सरकार हर प्रभावित परिवार के साथ खड़ी है। उन्होंने अधिकारियों को निर्देश दिए हैं कि घायलों को तुरंत बेहतर चिकित्सा सुविधा उपलब्ध कराई जाए और अस्पतालों में सभी आवश्यक व्यवस्थाएं सुनिश्चित की जाएं।
सीएम योगी ने यह भी निर्देश दिया है कि जनहानि, पशुहानि और घायलों के मामलों में 24 घंटे के भीतर मुआवजा प्रदान किया जाए। साथ ही जिलाधिकारियों और संबंधित विभागों को राहत एवं बचाव कार्य तेज करने के आदेश दिए गए हैं। उन्होंने स्पष्ट किया कि राहत कार्य में किसी भी तरह की लापरवाही बर्दाश्त नहीं की जाएगी।
प्रशासनिक टीमें प्रभावित इलाकों में लगातार राहत और बचाव कार्य में जुटी हुई हैं। नुकसान का आकलन कर जरूरतमंदों तक सहायता पहुंचाई जा रही है। वहीं, मौसम विभाग ने आने वाले दिनों में भी कई जिलों में तेज बारिश, आंधी और बिजली गिरने की संभावना जताई है।
इसी को देखते हुए प्रशासन ने लोगों से अपील की है कि खराब मौसम के दौरान खुले स्थानों, खेतों और पेड़ों के नीचे न जाएं तथा बिजली चमकने के समय सुरक्षित स्थानों पर रहें। प्रदेश भर में अलर्ट जारी कर दिया गया है।
