मुरादाबाद। मंडलायुक्त श्रीमती संगीता सिंह की अध्यक्षता में कमिश्नरी सभागार में सीएम डैशबोर्ड के अनुसार विकास कार्यों की मासिक समीक्षा बैठक संपन्न हुई। बैठक में विभिन्न जनकल्याणकारी योजनाओं की प्रगति, जनशिकायतों के निस्तारण, स्वास्थ्य सेवाओं, विद्युत व्यवस्था, धान खरीद, शिक्षा, पेयजल, पशुपालन तथा ग्रामीण विकास से संबंधित कार्यों की विस्तार से समीक्षा की गई। मंडलायुक्त ने संबंधित अधिकारियों को योजनाओं का प्रभावी क्रियान्वयन सुनिश्चित करने तथा निर्धारित समयसीमा में लक्ष्यों को पूरा करने के निर्देश दिए।
आईजीआरएस रैंकिंग में मंडल ने किया उल्लेखनीय सुधार
मंडलायुक्त श्रीमती संगीता सिंह के नेतृत्व में जनशिकायतों के गुणवत्तापूर्ण एवं समयबद्ध निस्तारण की दिशा में मुरादाबाद मंडल ने उल्लेखनीय सुधार दर्ज किया है। आईजीआरएस की रैंकिंग में मंडल अगस्त माह की 11वीं रैंक से सुधरकर सितंबर माह में तीसरे स्थान पर पहुंच गया है। जनपदवार प्रदर्शन में अमरोहा ने 44वीं से पांचवीं, बिजनौर ने 44वीं से छठी तथा मुरादाबाद ने 33वीं से 27वीं रैंक प्राप्त की है। रामपुर लगातार प्रथम स्थान पर बना हुआ है, जबकि सम्भल ने 56वीं से 44वीं रैंक पर सुधार किया है। मंडलायुक्त ने अधिकारियों को निर्देश दिए कि जनशिकायतों का निस्तारण समयबद्ध, गुणवत्तापूर्ण एवं शिकायतकर्ता की संतुष्टि के अनुरूप सुनिश्चित किया जाए।

स्वास्थ्य सेवाओं और जनकल्याणकारी योजनाओं की समीक्षा
जननी सुरक्षा योजना में अमरोहा की सी श्रेणी में रैंकिंग के कारणों की जानकारी मुख्य चिकित्सा अधिकारी से ली गई। मंडलायुक्त ने दशमोत्तर छात्रवृत्ति योजना में निर्धारित तिथियों के अनुसार आवश्यक कार्यवाही सुनिश्चित करने के निर्देश दिए। एंबुलेंस के रिस्पांस टाइम की समीक्षा के साथ ही निजी अस्पतालों में निर्धारित मानकों के अनुपालन का सत्यापन कराने के लिए टीम गठित करने को कहा, ताकि स्वास्थ्य सेवाओं में मानकों का सख्ती से पालन कराया जा सके। पशुओं में खुरपका-मुंहपका रोग से बचाव के लिए टीकाकरण की स्थिति की समीक्षा करते हुए पशुपालन विभाग को आवश्यक दिशा-निर्देश दिए। सुनने में अक्षम लोगों को ऑडियोमेट्रिस्ट के माध्यम से स्थानीय स्तर पर सुविधाएं उपलब्ध कराने के विषय पर भी चर्चा की गई।
धान खरीद और आवास योजनाओं में पारदर्शिता पर जोर
मंडलायुक्त ने मंडल में धान खरीद की स्थिति की समीक्षा करते हुए सभी जिलाधिकारियों से जानकारी प्राप्त की। प्रधानमंत्री आवास योजना ग्रामीण एवं शहरी के अंतर्गत पात्र लाभार्थियों के चयन में पारदर्शिता बरतने के निर्देश दिए। सम्भल और बिजनौर में मुख्यमंत्री सामूहिक विवाह कार्यक्रम आयोजित न होने के कारणों की जानकारी मुख्य विकास अधिकारियों से ली गई।

खराब ट्रांसफार्मरों को निर्धारित समय में बदलने के निर्देश
विद्युत व्यवस्था की समीक्षा के दौरान मंडलायुक्त ने खराब ट्रांसफार्मरों को बदलने की निर्धारित समयसीमा और प्रक्रिया के संबंध में अधीक्षण अभियंता से जानकारी ली। अधीक्षण अभियंता ने बताया कि ग्रामीण क्षेत्रों में खराब ट्रांसफार्मर 48 घंटे के भीतर बदल दिए जाते हैं तथा विभाग के पास पर्याप्त संख्या में अतिरिक्त ट्रांसफार्मर उपलब्ध हैं। मंडलायुक्त ने विद्युत संबंधी समस्याओं के त्वरित समाधान पर जोर दिया।
तालाबों को अतिक्रमणमुक्त कराने और जल संरक्षण पर विशेष ध्यान
मंडलायुक्त ने मोढ़ा तैया को वेटलैंड के रूप में चिन्हित कराने के लिए जिलाधिकारी मुरादाबाद को प्रभावी कार्यवाही करने के निर्देश दिए। वीबी-जी राम जी के अंतर्गत अवैध अतिक्रमण वाली तालाब की भूमि को अतिक्रमणमुक्त कर तालाब के रूप में विकसित कराने की कार्यवाही करने को कहा। उन्होंने प्रत्येक जिले में एक माह के भीतर कम से कम 10 तालाबों पर कार्य प्रारंभ कराने का लक्ष्य निर्धारित किया। चकरोड पर अतिक्रमण से संबंधित शिकायतों का गंभीरता से निस्तारण करते हुए स्थायी समाधान सुनिश्चित करने के निर्देश भी दिए।
जल जीवन मिशन की समीक्षा के दौरान संचालित परियोजनाओं का रैंडम सत्यापन कराने को कहा, ताकि कार्यों की गुणवत्ता एवं वास्तविक प्रगति का आकलन किया जा सके।

विद्यालयों में बच्चों की सुरक्षा और सुविधाओं पर जोर
कस्तूरबा गांधी आवासीय बालिका विद्यालयों में आवासित बच्चों के लिए अलमारी सहित आवश्यक फर्नीचर उपलब्ध कराने पर चर्चा की गई। मंडल के सात विद्यालयों में बाउंड्रीवॉल न होने के मामले में मंडलायुक्त ने एडी बेसिक को शीघ्र कार्य प्रारंभ कराने के निर्देश दिए। वहीं, 20 विद्यालयों के ऊपर से गुजर रही हाईटेंशन विद्युत लाइनों के संबंध में विद्युत विभाग के अधिकारियों को बच्चों की सुरक्षा के दृष्टिगत तत्काल प्रभावी कदम उठाने को कहा।
बंदरों की समस्या के समाधान के लिए प्रत्येक जिले में बनेगा कपि वन
सामाजिक वानिकी की समीक्षा के दौरान बंदरों के कारण आमजन को हो रही समस्याओं पर चर्चा की गई। मंडलायुक्त ने प्रत्येक जिले में कपि वन विकसित करने के लिए उपयुक्त भूमि चिह्नित करने के निर्देश दिए। साथ ही सभी जिलाधिकारियों को अगले दो माह में प्रत्येक जिले में कम से कम एक वृहद गौशाला को मॉडल गौशाला के रूप में विकसित कराने को कहा।

मंडलायुक्त ने स्पष्ट किया कि शासन की प्राथमिकता वाली योजनाओं में प्रगति के साथ-साथ कार्यों की गुणवत्ता, पारदर्शिता और समयबद्धता सुनिश्चित की जाए। उन्होंने सभी संबंधित अधिकारियों को आपसी समन्वय के साथ कार्य करते हुए जनकल्याणकारी योजनाओं का लाभ पात्र व्यक्तियों तक पहुंचाने तथा आमजन की समस्याओं का प्रभावी समाधान सुनिश्चित करने के निर्देश दिए।
इस अवसर पर जिलाधिकारी मुरादाबाद अनुनय झा, जिलाधिकारी रामपुर अजय कुमार द्विवेदी, जिलाधिकारी सम्भल श्री अंकित खंडेलवाल, जिलाधिकारी अमरोहा नितिन गौड़ और जिलाधिकारी बिजनौर उमेश प्रताप सिंह के साथ साथ सभी मुख्य विकास अधिकारी एवं अन्य मंडलीय अधिकारी गण मौजूद रहे@शांतनु/INN
