साने ताकाइची के रूप में जापान को पहली महिला प्रधानमंत्री मिल गई हैं. जापान की संसद ने मंगलवार को कट्टरपंथी ताकाइची को देश की प्रधानमंत्री के रूप में चुना है. ताकाइची की सत्तारूढ़ पार्टी लिबरल डेमोक्रेटिक पार्टी (LDP) ने ठीक एक दिन पहले जापान इनोवेशन पार्टी के साथ गठबंधन किया था जिसके बाद उनके पीएम बनने का रास्ता साफ हो पाया है. नए गठबंधन को लेकर माना जा रहा है कि ताकाइची की सरकार और अधिक दक्षिणपंथी रुख अपनाएगी.
ताकाइची ने शिगेरू इशिबा की जगह ली है. इशिबा, जो केवल एक साल तक प्रधानमंत्री पद पर रहे, ने मंगलवार सुबह अपने मंत्रिमंडल सहित इस्तीफा दे दिया.
64 साल की ताकाइची के प्रधानमंत्री बनने के साथ ही जापान में तीन महीने से जारी राजनीतिक गतिरोध और जुलाई के संसदीय चुनाव में गठबंधन की हार के बाद चली आ रही उथल-पुथल खत्म हो गई है.
मध्यमार्गी कोमेतो पार्टी ने 26 साल पुराने गठबंधन के बाद सत्तारूढ़ लिबरल डेमोक्रेटिक पार्टी (एलडीपी) से अलग होने का फैसला किया था. यह कदम ताकाइची के एलडीपी अध्यक्ष चुने जाने के कुछ ही दिन बाद आया, जिससे उन्हें बहुमत पाने और प्रधानमंत्री बनने के लिए नए सहयोगी की तलाश करनी पड़ी.
पीएम मोदी ने दी बधाई
जापान की नई प्रधानमंत्री साने ताकाइची के चुनाव जीतने पर भारत के प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने उन्हें बधाई दी है. प्रधानमंत्री मोदी ने ट्वीट कर कहा कि वे ताकाइची के साथ मिलकर भारत–जापान विशेष रणनीतिक और वैश्विक साझेदारी को और मजबूत करने के लिए काम करने के लिए उत्सुक हैं. पीएम मोदी ने अपने ट्वीट में कहा, “हमारे गहरे संबंध इंडो-पैसिफिक क्षेत्र और उससे आगे शांति, स्थिरता और समृद्धि के लिए बेहद महत्वपूर्ण हैं.”
