मुरादाबाद। मुरादाबाद विकास प्राधिकरण (एमडीए) ने स्कॉलर्स डेन कोचिंग संस्थान के खिलाफ चल रही कार्रवाई को आगे बढ़ाते हुए अब संस्थान के संचालक विवेक ठाकुर से जुड़े दीनदयाल नगर फेज-1 स्थित कॉरपोरेट ऑफिस “SD HOUSE” को भी सील कर दिया है। भवन पर एमडीए की ओर से नोटिस भी चस्पा कर दिया गया है। इससे पहले एमडीए कांठ रोड पर नई तहसील के समीप संचालित स्कॉलर्स डेन कोचिंग संस्थान को अवैध संचालन के आरोप में सील कर चुका है।
लगातार हो रही प्रशासनिक कार्रवाई के बीच विवेक ठाकुर की मुश्किलें कम होती नजर नहीं आ रही हैं। उनके खिलाफ शहर के दो अलग-अलग थानों में करोड़ों नहीं, बल्कि लाखों रुपये के भुगतान विवाद से जुड़े मुकदमे दर्ज होने के बाद अब उनका सार्वजनिक रूप से सामने न आना भी चर्चाओं का विषय बना हुआ है।

दो थानों में दर्ज हैं गंभीर आरोप
थाना कटघर में सागर सिक्योरिटीज की संचालिका सूर्य भारद्वाज ने विवेक ठाकुर के विरुद्ध 35 लाख रुपये से अधिक का भुगतान न करने का आरोप लगाते हुए एफआईआर दर्ज कराई है। वहीं थाना सिविल लाइंस में मल्होत्रा ट्रेवल्स के संचालक सनी मल्होत्रा ने दर्ज कराई गई रिपोर्ट में आरोप लगाया है कि सेलिब्रिटीज के एयर टिकट बुक कराने के एवज में 10.30 लाख रुपये से अधिक का भुगतान नहीं किया गया।
दोनों मामलों में पुलिस ने मुकदमे दर्ज कर जांच शुरू कर दी है। हालांकि इन आरोपों पर अंतिम निर्णय न्यायालय अथवा जांच के निष्कर्षों के आधार पर ही होगा।
सार्वजनिक रूप से नहीं दिखे विवेक ठाकुर, चर्चाओं का बाजार गर्म
दोनों एफआईआर दर्ज होने और एमडीए की लगातार कार्रवाई के बाद से विवेक ठाकुर को मुरादाबाद में सार्वजनिक रूप से नहीं देखा गया है। इसे लेकर शहर में तरह-तरह की चर्चाएं चल रही हैं। हालांकि उनके ठिकाने को लेकर कोई आधिकारिक पुष्टि नहीं हुई है।
अभिभावकों की बढ़ी चिंता, लाखों रुपये की फीस अटकी
स्कॉलर्स डेन कोचिंग संस्थान पर सील लगने के बाद वहां अध्ययनरत विद्यार्थियों और उनके अभिभावकों की चिंता लगातार बढ़ती जा रही है। कई अभिभावकों का कहना है कि उन्होंने अपने बच्चों के भविष्य को ध्यान में रखते हुए मोटी फीस जमा की थी, लेकिन संस्थान बंद होने के बाद न तो कक्षाएं संचालित हो रही हैं और न ही फीस वापसी को लेकर कोई स्पष्ट व्यवस्था की गई है।
अभिभावक अब प्रशासन से हस्तक्षेप कर उनकी जमा धनराशि वापस दिलाने की मांग कर रहे हैं।
फेसबुक पर सक्रिय, लेकिन सवालों का जवाब नहीं
एक ओर कोचिंग संस्थान और कॉरपोरेट ऑफिस पर कार्रवाई हो रही है, वहीं दूसरी ओर विवेक ठाकुर सोशल मीडिया, विशेषकर अपनी फेसबुक प्रोफाइल पर लगातार सक्रिय दिखाई दे रहे हैं। वह प्रतिदिन नए संदेश, शेर-ओ-शायरी और पोस्ट साझा कर रहे हैं।
कभी वह जल्द ऑफलाइन क्लास शुरू कराने का दावा करते हैं, कभी वर्तमान परिस्थितियों के लिए अन्य लोगों को जिम्मेदार ठहराते हैं। कई पोस्ट में उन्होंने अपने खिलाफ दर्ज दोनों एफआईआर को फर्जी बताया है, जबकि कुछ पोस्ट में वकीलों और समाचार प्रकाशित करने वाले पत्रकारों पर भी आपत्तिजनक टिप्पणियां की हैं। उनकी इन पोस्टों को लेकर शहर के विभिन्न वर्गों में नाराजगी और आक्रोश भी देखा जा रहा है।
बढ़ सकता है कानूनी शिकंजा
एमडीए की लगातार कार्रवाई, दर्ज एफआईआर, भुगतान विवाद और सोशल मीडिया पर दिए जा रहे बयानों के बीच विवेक ठाकुर की कानूनी मुश्किलें और बढ़ती दिखाई दे रही हैं। अब सभी की नजर पुलिस जांच और प्रशासन की आगामी कार्रवाई पर टिकी हुई है। वहीं अभिभावकों को उम्मीद है कि उन्हें उनकी मेहनत की कमाई वापस दिलाने और मामले में निष्पक्ष कार्रवाई सुनिश्चित करने के लिए संबंधित विभाग प्रभावी कदम उठाएंगे@शांतनु/INN
