मुरादाबाद। मंडलायुक्त मुरादाबाद श्रीमती संगीता सिंह ने मंगलवार को बिलारी स्थित अटल आवासीय विद्यालय, पीपली, मुरादाबाद का निरीक्षण किया। उन्होंने विद्यालय की शैक्षणिक, स्वास्थ्य, आवासीय, खेलकूद एवं प्रशासनिक व्यवस्थाओं का जायजा लेते हुए छात्र-छात्राओं को बेहतर सुविधाएं उपलब्ध कराने के संबंध में आवश्यक दिशा-निर्देश दिए।

विद्यालय परिसर में पहुंचने पर उपश्रमायुक्त दीप्तिमान भट्ट, प्राचार्य टी.पी. सिंह, प्रशासनिक अधिकारी उमेश कुमार त्रिपाठी तथा छात्राओं ने पुष्पगुच्छ भेंट कर मंडलायुक्त का स्वागत किया। इसके बाद मंडलायुक्त ने विद्यार्थियों से आत्मीय संवाद स्थापित कर उनकी पढ़ाई, रुचियों, अभिलाषाओं एवं भविष्य की योजनाओं की जानकारी ली। उन्होंने छात्र-छात्राओं को लक्ष्य निर्धारित कर अनुशासित ढंग से आगे बढ़ने, करियर के प्रति सजग रहने तथा अपनी प्रतिभा एवं क्षमताओं का निरंतर विकास करने के लिए प्रेरित किया।

संवाद के दौरान मंडलायुक्त ने अपनी लिखित पुस्तकों “Fire in the Semal Tree” तथा “Walking with Wings and a Camera – Encounters with Birds of Aligarh” का उल्लेख करते हुए अपने अनुभव विद्यार्थियों से साझा किए। उन्होंने प्रकृति एवं लेखन से जुड़े अनुभवों के माध्यम से बच्चों को जिज्ञासु बने रहने, आसपास की दुनिया को समझने, निरंतर सीखने तथा जीवन में नए अवसरों का स्वागत करने के लिए प्रेरित किया।

स्वास्थ्य सुविधाओं पर विशेष जोर
मंडलायुक्त ने विद्यालय के मेडिकल रूम का निरीक्षण कर उपलब्ध दवाइयों एवं चिकित्सा सुविधाओं की जानकारी ली। उन्होंने विद्यालय में संचालित टीकाकरण अभियान एवं मेडिकल कैंप की प्रगति की समीक्षा करते हुए निर्देश दिए कि 14 से 15 वर्ष आयु वर्ग की सभी बालिकाओं का एचपीवी (HPV) टीकाकरण निर्धारित प्रोटोकॉल के अनुसार सुनिश्चित किया जाए, ताकि छात्राओं को आवश्यक स्वास्थ्य सुरक्षा उपलब्ध हो सके।

कंप्यूटर शिक्षा और पुस्तकालय का भी लिया जायजा
इसके बाद उन्होंने कंप्यूटर कक्ष का निरीक्षण किया। कंप्यूटर शिक्षक श्री हिमांशुजीत सिंह से विद्यार्थियों को प्रदान की जा रही कंप्यूटर शिक्षा एवं व्यावहारिक प्रशिक्षण के संबंध में जानकारी प्राप्त की। उन्होंने आधुनिक तकनीकी ज्ञान को विद्यार्थियों की शिक्षा का महत्वपूर्ण हिस्सा बताते हुए डिजिटल दक्षता विकसित करने पर विशेष जोर दिया।
पुस्तकालय के निरीक्षण के दौरान मंडलायुक्त ने उपलब्ध पुस्तकों का अवलोकन किया और विद्यार्थियों को नियमित अध्ययन के साथ-साथ समाचार-पत्र एवं उपयोगी साहित्य पढ़ने के लिए प्रोत्साहित किया। उन्होंने कहा कि पुस्तकों और समाचार-पत्रों के अध्ययन से ज्ञान का विस्तार होता है तथा विद्यार्थियों को देश-दुनिया में घटित घटनाओं से परिचित होने का अवसर मिलता है।

खेलकूद व अनुशासन को बढ़ावा देने के निर्देश
मंडलायुक्त ने विद्यार्थियों के बीच सहज एवं उत्साहपूर्ण वातावरण में टेबल टेनिस खेलकर उनका उत्साहवर्धन किया। उन्होंने विद्यार्थियों को खेलकूद से जुड़ने के साथ स्वस्थ प्रतिस्पर्धा, अनुशासन एवं टीम भावना को जीवन का हिस्सा बनाने के लिए प्रेरित किया।

उन्होंने विद्यालय की मेस का निरीक्षण कर भोजन व्यवस्था, स्वच्छता तथा विद्यार्थियों को उपलब्ध कराई जा रही सुविधाओं की जानकारी ली। छात्राओं की सुविधा को ध्यान में रखते हुए मेस में एयर कंडीशनर (ए.सी.) की व्यवस्था किए जाने का सुझाव दिया, जिससे भोजन के समय उन्हें अधिक आरामदायक वातावरण मिल सके।
परिसर की स्वच्छता एवं हरियाली पर भी दिया जोर
मंडलायुक्त ने विद्यालय के शैक्षणिक एवं प्रशासनिक भवनों, परिसर तथा खेल मैदान का भी निरीक्षण किया और उपलब्ध संसाधनों की स्थिति जानी। इसके पश्चात बालिका छात्रावास पहुंचकर छात्राओं के निवास कक्षों का निरीक्षण किया। कमरों की स्वच्छता, सुव्यवस्था एवं रख-रखाव पर प्रसन्नता व्यक्त करते हुए उन्होंने छात्राओं के अनुशासन, स्वच्छता-बोध एवं जिम्मेदारी की सराहना की।

पर्यावरण संरक्षण का संदेश देते हुए मंडलायुक्त ने विद्यालय के प्रशासनिक भवन के समक्ष वृक्षारोपण किया। उन्होंने विद्यार्थियों को प्रकृति के प्रति संवेदनशील बनने तथा विद्यालय परिसर को स्वच्छ, सुंदर एवं हरा-भरा बनाए रखने के लिए प्रेरित किया।
निरीक्षण के अंत में मंडलायुक्त ने उपश्रमायुक्त एवं प्राचार्य के साथ विद्यालय की आवश्यकताओं, उपलब्ध संसाधनों तथा भविष्य में किए जाने वाले सुधार कार्यों की विस्तार से चर्चा की। उन्होंने शिक्षा की गुणवत्ता, विद्यार्थियों के स्वास्थ्य, आवासीय सुविधाओं, खेलकूद तथा समग्र रूप से बेहतर शैक्षणिक वातावरण उपलब्ध कराने पर विशेष बल दिया।
मंडलायुक्त ने कहा कि अटल आवासीय विद्यालय का उद्देश्य विद्यार्थियों को गुणवत्तापूर्ण शिक्षा, बेहतर स्वास्थ्य सुविधाएं, सुरक्षित आवासीय वातावरण एवं सर्वांगीण विकास के लिए अनुकूल अवसर उपलब्ध कराना है। उन्होंने विद्यालय परिवार को व्यवस्थाओं में निरंतर सुधार करते हुए विद्यार्थियों के उज्ज्वल भविष्य की दिशा में और अधिक प्रभावी ढंग से कार्य करने के लिए प्रेरित किया@शांतनु/INN
