मुरादाबाद। उत्तर प्रदेश कांग्रेस अध्यक्ष आराधना मिश्रा ने वर्ष 2027 के विधानसभा चुनाव में कांग्रेस की सरकार बनाने का दावा करते हुए कहा कि पार्टी के कार्यकर्ता पूरी ताकत और ईमानदारी के साथ चुनाव मैदान में उतरेंगे। उन्होंने कहा कि जिस तरह कांग्रेस कार्यकर्ताओं ने 2024 के लोकसभा चुनाव में मेहनत की थी, उससे भी अधिक ऊर्जा और मजबूती के साथ 2027 के विधानसभा चुनाव में काम किया जाएगा। कांग्रेस केवल चुनाव लड़ने के लिए नहीं, बल्कि प्रदेश में सरकार बनाने के लक्ष्य के साथ आगे बढ़ रही है। मंगलवार को पश्चिमी उत्तर प्रदेश के कांग्रेस कार्यकर्ताओं की बैठक में मुरादाबाद पहुंची आराधना मिश्रा ने यह बात कही।

इस बैठक में एक नवंबर को प्रस्तावित महारैली की तैयारियों पर चर्चा की जाएगी। आराधना मिश्रा ने कांग्रेस कार्यकर्ताओं, सिविल सोसाइटी के सदस्यों और समाज के विभिन्न वर्गों से महारैली में अधिक से अधिक संख्या में पहुंचने की अपील की। उन्होंने कहा कि यह आयोजन संविधान, लोकतंत्र और आम नागरिक के मताधिकार की रक्षा के लिए एक बड़े जनआंदोलन का शंखनाद है।
संविधान और लोकतंत्र की रक्षा के लिए एकजुट होने की अपील
आराधना मिश्रा ने कहा कि देश को बचाने के लिए संविधान और लोकतांत्रिक व्यवस्था की रक्षा करना आवश्यक है। लोकतंत्र की सबसे बड़ी ताकत आम नागरिक का मताधिकार है, जिसे संविधान के माध्यम से संरक्षण मिला है। उन्होंने कहा कि इस अधिकार की रक्षा के लिए सभी लोकतांत्रिक शक्तियों, सामाजिक संगठनों और आम लोगों को एकजुट होकर आगे आना चाहिए।

उन्होंने आरोप लगाया कि देश में जाति, धर्म और बिरादरी के नाम पर समाज को बांटने की कोशिश की जा रही है। कांग्रेस ऐसी ताकतों को सफल नहीं होने देगी। उन्होंने कहा कि कांग्रेस का इतिहास सभी वर्गों को साथ लेकर चलने का रहा है। देश की आजादी के आंदोलन में विभिन्न धर्मों, जातियों और समुदायों के लोगों ने मिलकर संघर्ष किया था। इसी एकता के बल पर देश को आजादी मिली। आज भी सामाजिक एकता और लोकतांत्रिक मूल्यों की रक्षा करना समय की आवश्यकता है।
राहुल गांधी को अदालत से मिली राहत को बताया न्याय की जीत
राहुल गांधी को सुल्तानपुर की अदालत से मिली राहत का उल्लेख करते हुए आराधना मिश्रा ने इसे न्याय की जीत बताया। उन्होंने आरोप लगाया कि भारतीय जनता पार्टी ने राहुल गांधी को फंसाने के लिए राजनीतिक षड्यंत्र रचा था। उनके मुताबिक, अदालत में साक्ष्यों और सबूतों पर विचार के बाद राहुल गांधी को बरी किए जाने से कांग्रेस कार्यकर्ताओं में उत्साह है।
उन्होंने कहा कि यह घटनाक्रम कांग्रेस के लिए नई ऊर्जा लेकर आया है और पार्टी के कार्यकर्ता मजबूती के साथ आगे बढ़ेंगे। उन्होंने विश्वास जताया कि न्याय की यह जीत आगे भी कांग्रेस को संघर्ष करने की प्रेरणा देगी। हालांकि, संबंधित अदालत के आदेश और मामले की कानूनी स्थिति के तथ्यों की पुष्टि प्रकाशन से पहले आवश्यक है।
भाजपा नेताओं की टिप्पणियों पर उठाए सवाल
आराधना मिश्रा ने सोनिया गांधी, राहुल गांधी, प्रियंका गांधी और कांग्रेस की महिला सांसदों को लेकर भाजपा नेताओं की ओर से की गई कथित टिप्पणियों पर सवाल उठाए। उन्होंने कहा कि कुछ टिप्पणियां बेहद शर्मनाक थीं और उन्हें दोहराना भी उचित नहीं है। उन्होंने भाजपा से पूछा कि क्या पार्टी इन टिप्पणियों के लिए माफी मांगेगी।
उन्होंने कहा कि राजनीतिक मतभेद अपनी जगह हैं, लेकिन सार्वजनिक जीवन में भाषा की मर्यादा और महिलाओं के सम्मान का ध्यान रखा जाना चाहिए। लोकतांत्रिक व्यवस्था में असहमति व्यक्त करने का अधिकार सभी को है, लेकिन किसी के सम्मान को ठेस पहुंचाने वाली टिप्पणियां उचित नहीं हैं।
मुख्य चुनाव आयुक्त ज्ञानेश कुमार पर कार्रवाई की मांग
मतदाता सूची के विशेष गहन पुनरीक्षण यानी एसआईआर और चुनाव प्रक्रिया को लेकर आराधना मिश्रा ने मुख्य चुनाव आयुक्त ज्ञानेश कुमार पर सवाल उठाए। उन्होंने आरोप लगाया कि मतदाताओं के अधिकारों को प्रभावित करने वाली किसी भी कार्रवाई की जवाबदेही तय होनी चाहिए।

उन्होंने ज्ञानेश कुमार के इस्तीफे, उनके खिलाफ महाभियोग की प्रक्रिया शुरू करने और मामले में एफआईआर दर्ज कराने की मांग की। उन्होंने कहा कि लोकतंत्र की रक्षा केवल भाषणों से नहीं, बल्कि पारदर्शी चुनाव प्रक्रिया और जवाबदेही सुनिश्चित करने से होगी। उनके अनुसार, आम नागरिक के मताधिकार की रक्षा सभी राजनीतिक दलों और संवैधानिक संस्थाओं की जिम्मेदारी है।
इंडिया गठबंधन पर फैसला शीर्ष नेतृत्व करेगा
इंडिया गठबंधन के विस्तार और विभिन्न राजनीतिक दलों को साथ लेने के सवाल पर आराधना मिश्रा ने कहा कि यह निर्णय गठबंधन के शीर्ष नेतृत्व को करना है। उन्होंने कहा कि गठबंधन में शामिल दलों के वरिष्ठ नेता आपस में बातचीत करते हैं और किस दल को साथ लेना है, इस पर फैसला सामूहिक रूप से किया जाएगा।
उन्होंने सीटों के बंटवारे को लेकर कहा कि कितनी सीटों पर कौन-सा दल चुनाव लड़ेगा, इसका निर्णय दोनों दलों के शीर्ष नेतृत्व की बातचीत के बाद होगा। उन्होंने इस विषय पर किसी तरह की अटकल लगाने से बचते हुए कहा कि उचित समय पर स्थिति स्पष्ट हो जाएगी।
एक नवंबर की महारैली को सफल बनाने की तैयारी
पश्चिमांचल जोन की बैठक में एक नवंबर को प्रस्तावित महारैली को सफल बनाने के लिए कार्यकर्ताओं की भागीदारी बढ़ाने पर जोर दिया जाएगा। कांग्रेस की कोशिश है कि इस आयोजन में पार्टी कार्यकर्ताओं के साथ सिविल सोसाइटी और समाज के विभिन्न वर्गों की भी व्यापक भागीदारी हो।
आराधना मिश्रा ने कहा कि कांग्रेस कार्यकर्ता 2027 के विधानसभा चुनाव के लिए पूरी गंभीरता और प्रतिबद्धता के साथ काम करेंगे। उन्होंने कहा कि 2024 के लोकसभा चुनाव में कार्यकर्ताओं ने जिस समर्पण के साथ मेहनत की थी, 2027 में उससे भी अधिक ताकत के साथ मैदान में उतरेंगे।
उन्होंने विश्वास जताया कि कांग्रेस संविधान, लोकतंत्र, सामाजिक एकता और नागरिक अधिकारों के मुद्दों को लेकर जनता के बीच जाएगी। उन्होंने दोहराया कि पार्टी का लक्ष्य केवल चुनाव लड़ना नहीं, बल्कि उत्तर प्रदेश में सरकार बनाना है@शांतनु/INN
