जल प्रदूषण बना गंभीर संकट
अमरोहा। उत्तर प्रदेश सरकार के पूर्व मंत्री व समाजवादी पार्टी के वरिष्ठ नेता जगराम सिंह ने कहा कि जल प्रदूषण आम जनता के लिए गंभीर संकट बनता जा रहा है। सरकार भले ही प्रदूषण नियंत्रण को लेकर प्रयासों का दावा कर रही हो, लेकिन जमीनी हकीकत इन दावों की पोल खोल रही है।
शहबाजपुर डोर गांव में धरना प्रदर्शन
गजरौला ब्लॉक के शहबाजपुर डोर गांव में जल प्रदूषण को लेकर किसानों का बेमियादी धरना बुधवार को भी जारी रहा। बड़ी संख्या में किसान धरने पर डटे हुए हैं और प्रदूषण के खिलाफ आवाज बुलंद कर रहे हैं।

पूर्व मंत्री जगराम सिंह ने दिया समर्थन
धरने को समर्थन देने पहुंचे पूर्व मंत्री जगराम सिंह ने किसानों के आंदोलन का खुलकर समर्थन किया और हरसंभव सहयोग का आश्वासन दिया। उन्होंने किसान नेता नरेश चौधरी द्वारा उठाए गए इस मुद्दे की सराहना करते हुए कहा कि यह संघर्ष जनहित में है।
भूमिगत जल प्रदूषण पर चिंता
पूर्व मंत्री ने कहा कि अमरोहा लोकसभा क्षेत्र के मंडी धनौरा विधानसभा अंतर्गत गजरौला और हसनपुर विधानसभा क्षेत्र में बढ़ता भूमिगत जल प्रदूषण क्षेत्रवासियों के लिए गंभीर चिंता का विषय बन चुका है।
नियमों की उड़ाई जा रही धज्जियां
जगराम सिंह ने आरोप लगाया कि क्षेत्र में खुलेआम नियमों की अनदेखी की जा रही है, जिसका सीधा असर जनस्वास्थ्य और फसलों पर पड़ रहा है। रासायनिक कारखानों से निकलने वाला अपशिष्ट जल जल, जंगल और जमीन के लिए बड़ी मुसीबत बन चुका है।
निगरानी तंत्र पर उठे सवाल
उन्होंने कहा कि दुर्भाग्यपूर्ण है कि अब तक कोई ठोस निगरानी तंत्र विकसित नहीं किया गया और न ही किसी की जवाबदेही तय की गई। साल दर साल गजरौला में प्रदूषण लगातार बढ़ता जा रहा है।

सरकारों पर साधा निशाना
पूर्व मंत्री ने कहा कि चाहे केंद्र सरकार हो या प्रदेश सरकार, प्रदूषण जैसे गंभीर मुद्दे पर आज तक अपेक्षित गंभीरता नहीं दिखाई गई। समाज भी प्रदूषण रूपी राक्षस से लड़ने में विफल रहा है।
दीर्घकालीन नीति की जरूरत
जगराम सिंह ने कहा कि अब समय आ गया है कि प्रदूषण नियंत्रण के लिए दीर्घकालीन नीतियां बनाई जाएं और उन्हें प्रभावी रूप से धरातल पर लागू किया जाए। ईमानदार प्रयासों के बिना समस्या का समाधान संभव नहीं है।
कड़े कानून की मांग
समाजवादी पार्टी के वरिष्ठ नेता ने औद्योगिक उत्सर्जन को नियंत्रित करने के लिए कड़े कानून बनाए जाने की आवश्यकता पर बल दिया, ताकि भविष्य में पर्यावरण और जनस्वास्थ्य की रक्षा की जा सके।

धरने की अध्यक्षता व संचालन
कार्यक्रम की अध्यक्षता भारतीय किसान यूनियन (संयुक्त मोर्चा) के राष्ट्रीय अध्यक्ष नरेश चौधरी ने की, जबकि संचालन राष्ट्रीय सचिव चंद्रपाल सिंह द्वारा किया गया।
प्रदूषित जल की प्याऊ बनाकर जताया विरोध
आंदोलनकारी किसानों ने स्थानीय गांवों से टैंकों में भरकर लाए गए प्रदूषित भू-जल की प्याऊ लगाई और दिल्ली नेशनल हाईवे-09 से गुजरने वाले लोगों को वही पानी वितरित कर प्रदूषण की भयावह स्थिति को दर्शाया।

बड़ी संख्या में लोग रहे मौजूद
इस मौके पर भाकियू (संयुक्त मोर्चा) के राष्ट्रीय मुख्य सचिव अरुण सिद्धू, मीडिया प्रभारी जयकरन सैनी, कैलाशनाथ सिंह, शान चौधरी, सुशील चौधरी, अंकुर चौधरी, अभिषेक भुल्लर, समीर चौधरी, लाखन सिंह, अमरजीत देवल, लकी चौधरी, सलीम प्रधान, इकरार अहमद, मलखान सिंह, ओम प्रकाश दरोगा सहित बड़ी संख्या में स्थानीय लोग मौजूद रहे।
