मुरादाबाद। आगामी मेगा विधिक जागरूकता एवं सेवा शिविर के सफल आयोजन और व्यापक प्रचार-प्रसार को लेकर जनपद न्यायालय परिसर में माननीय जनपद न्यायाधीश श्री सैयद माऊज़ बिन आसिम की अध्यक्षता में न्यायिक अधिकारियों की महत्वपूर्ण बैठक आयोजित की गई। बैठक का मुख्य उद्देश्य 22 फरवरी को प्रस्तावित शिविर को अधिक प्रभावी, जनहितकारी और जरूरतमंदों के लिए उपयोगी बनाना रहा।
बैठक को संबोधित करते हुए माननीय जिला जज श्री सैयद माऊज़ बिन आसिम ने कहा कि समाज के अंतिम व्यक्ति तक त्वरित, सस्ता और सुलभ न्याय पहुँचाना जिला विधिक सेवा प्राधिकरण की सर्वोच्च प्राथमिकता है। इसी लक्ष्य को साकार करने के लिए इस मेगा शिविर का आयोजन किया जा रहा है, जिसमें पात्र नागरिकों को सरकार की विभिन्न जनकल्याणकारी योजनाओं का लाभ एक ही स्थान पर उपलब्ध कराया जाएगा।
उन्होंने संबंधित अधिकारियों को निर्देश दिए कि शिविर की जानकारी गांवों, कस्बों और दूरदराज के इलाकों तक अनिवार्य रूप से पहुँचाई जाए, ताकि कोई भी पात्र व्यक्ति योजनाओं के लाभ से वंचित न रह जाए। उन्होंने बताया कि शिविर के दौरान सभी विभागों द्वारा अलग-अलग स्टॉल लगाए जाएंगे, जहां लाभार्थियों को योजनाओं से संबंधित सुविधाएं मौके पर ही प्रदान की जाएंगी।
मेगा शिविर में निःशुल्क मेडिकल कैंप का भी आयोजन किया जाएगा। इसमें आम नागरिकों को दांतों की जांच, आंखों की जांच तथा रक्त परीक्षण (ब्लड रिपोर्ट) जैसी सुविधाएं नि:शुल्क उपलब्ध कराई जाएंगी।
बैठक में नोडल अधिकारी/अपर जिला जज मौलाना फिरोज तथा जिला विधिक सेवा प्राधिकरण की सचिव श्रीमती तपस्या त्रिपाठी ने कहा कि प्राधिकरण निरंतर प्रयास कर रहा है कि कानूनी सेवाएं और सरकारी योजनाएं समाज के हर जरूरतमंद व्यक्ति तक सरल रूप में पहुँचें। उन्होंने कहा कि जब न्याय और सुविधाएं आम नागरिक की पहुंच में होंगी, तभी समाज सशक्त और आत्मनिर्भर बन सकेगा।
उन्होंने यह भी स्पष्ट किया कि इस जागरूकता शिविर के माध्यम से यह संदेश दिया जा रहा है कि न्याय अब केवल अदालतों तक सीमित नहीं रहेगा, बल्कि जरूरतमंदों के द्वार तक पहुंचेगा—यही इस मेगा विधिक शिविर का मूल उद्देश्य है।
बैठक में जनपद के समस्त न्यायिक अधिकारियों ने सहभागिता करते हुए शिविर को सफल बनाने के लिए अपने-अपने सुझाव भी साझा किए।
