संभल। ई-रजिस्ट्री व्यवस्था के विरोध में जिले की विभिन्न बार एसोसिएशनों ने आंदोलन को और तेज करने का निर्णय लिया है। गुरुवार को तहसील संभल स्थित ई-लाइब्रेरी कक्ष में डिस्ट्रिक्ट सीनियर बार एसोसिएशन एंड लाइब्रेरी, संभल बार एसोसिएशन, जिला बार एसोसिएशन, रेवेन्यू बार एसोसिएशन सहित अन्य अधिवक्ता संगठनों की संयुक्त बैठक आयोजित की गई।
बैठक में बड़ी संख्या में अधिवक्ताओं ने भाग लिया और ई-रजिस्ट्री व्यवस्था को लेकर अपनी-अपनी राय रखी। इस दौरान अधिवक्ताओं में सरकार द्वारा लागू की जा रही नई व्यवस्था को लेकर गहरा रोष देखने को मिला। वक्ताओं ने कहा कि ई-रजिस्ट्री प्रणाली से अधिवक्ताओं, दस्तावेज लेखकों और आम जनता को अनेक व्यावहारिक कठिनाइयों का सामना करना पड़ सकता है।
सभी अधिवक्ताओं के विचार सुनने के बाद विभिन्न बार एसोसिएशनों के अध्यक्षों ने सर्वसम्मति से आंदोलन को आगे बढ़ाने का निर्णय लिया। तय किया गया कि 27 जून 2026 को सुबह 10 बजे पुरानी तहसील स्थित शंकर चौराहे से सभी अधिवक्ता पैदल अथवा मोटरसाइकिलों के माध्यम से जुलूस निकालेंगे। यह मार्च चंदौसी चौराहे से होते हुए नई तहसील पहुंचेगा, जहां अधिवक्ता एसडीएम कोर्ट और एडीएम कोर्ट के समक्ष प्रदर्शन करेंगे तथा अपनी मांगों से संबंधित ज्ञापन एडीएम संभल को सौंपेंगे।
बैठक में यह भी निर्णय लिया गया कि 27 जून को किसी भी न्यायालय में अधिवक्ता न्यायिक कार्य नहीं करेंगे। इसके साथ ही विरोध स्वरूप रजिस्ट्री कार्यालय भी पूर्ण रूप से बंद रखा जाएगा।
अधिवक्ताओं ने स्पष्ट किया कि जब तक ई-रजिस्ट्री व्यवस्था और प्रस्तावित व्यवस्थाओं पर पुनर्विचार नहीं किया जाता, तब तक उनका आंदोलन जारी रहेगा।
बैठक की जानकारी बार एसोसिएशन के सचिव जाकिर हुसैन एडवोकेट द्वारा दी गई।
