संभल। उत्तर प्रदेश के संभल जिले में मंगलवार को प्रशासन ने बड़े पैमाने पर बुलडोजर कार्रवाई करते हुए कथित अवैध कब्जे वाली जमीन पर बनी ईदगाह, मस्जिद और दो मकानों को ध्वस्त करना शुरू कर दिया। दोपहर करीब 3 बजे शुरू हुई कार्रवाई के दौरान सबसे पहले करीब 25 फीट ऊंची ईदगाह की मीनार गिराई गई, जिसके बाद शेष निर्माण को हटाने का काम जारी रहा।
कार्रवाई के दौरान किसी भी अप्रिय स्थिति से निपटने के लिए इलाके में सुरक्षा के कड़े इंतजाम किए गए। मौके पर पुलिस, पीएसी और आरएएफ के लगभग 100 जवान तैनात रहे। इसके अलावा दो नायब तहसीलदार, आठ लेखपाल और अन्य राजस्व अधिकारी भी मौजूद रहे। प्रशासन ने कार्रवाई के दौरान आम लोगों की आवाजाही पर भी रोक लगा दी।
प्रशासन के अनुसार यह कार्रवाई न्यायालय के आदेश के अनुपालन में की जा रही है। जांच में करीब 6 बीघा भूमि पर अवैध कब्जे की पुष्टि हुई थी। इनमें से लगभग 4 बीघा सरकारी कब्रिस्तान की भूमि बताई गई है, जबकि करीब 70 वर्गमीटर सरकारी जमीन पर ईदगाह और मस्जिद का निर्माण किया गया था। शेष 2 बीघा जमीन एक महिला की निजी संपत्ति है, जिस पर कथित रूप से अवैध कब्जा कर दो मकान बना लिए गए थे। यह पूरा मामला असमोली थाना क्षेत्र के अंतर्गत आता है।
प्रशासनिक रिकॉर्ड के मुताबिक, जनवरी 2026 में ग्रामीणों ने तत्कालीन जिलाधिकारी से सरकारी कब्रिस्तान की जमीन पर बने निर्माण की शिकायत की थी। पैमाइश के बाद निर्माण अवैध पाया गया और 21 अप्रैल 2026 को तहसीलदार न्यायालय ने ईदगाह और मस्जिद को हटाने का आदेश जारी किया था।
वहीं, दो मकानों के मामले में जमीन मालिक पक्ष का कहना है कि वर्ष 2022 में उनकी मां ने यह भूमि खरीदी थी, लेकिन कुछ लोगों ने उस पर कब्जा कर मकान बना लिए। एसडीएम कोर्ट से लेकर हाईकोर्ट तक चली कानूनी प्रक्रिया में फैसला जमीन मालिक के पक्ष में आया। इसके बाद एसडीएम ने 8 जुलाई को अवैध निर्माण हटाने का आदेश जारी किया, जिसके अनुपालन में मंगलवार को बुलडोजर कार्रवाई की गई।
