अमरोहा। उत्तर प्रदेश का अमरोहा जनपद, जिसे देश और दुनिया में अपनी बेमिसाल गंगा-जमुनी तहजीब और बेजोड़ अमन-चैन के लिए जाना जाता है, जहां की रवायतों के बारे में यह लोकप्रसिद्धि है कि यहां के बिच्छू भी किसी को नुकसान नहीं पहुंचाते, उस पावन धरा की शांति को एक दरिंदे ने कलंकित कर दिया है। क्षेत्र की इस ऐतिहासिक साख और सामाजिक सद्भाव को दरकिनार कर एक वहशी भेड़िए ने पड़ोस की ही एक अत्यंत गरीब, शोषित दलित समाज की आठ वर्षीय मासूम बेटी की अस्मिता को बर्बरतापूर्वक रौंद डाला। महिलाओं और बालिकाओं की सुरक्षा के प्रति सरकार की जीरो टॉलरेंस नीति के तहत इस घिनौने कृत्य पर अमरोहा प्रशासन ने बेहद सख्त और त्वरित कदम उठाया है।

पुलिस और राजस्व विभाग की संयुक्त टीम ने आधी रात को बड़ी कार्रवाई करते हुए गंभीर धाराओं में नामजद आरोपी फरमान के अवैध रूप से निर्मित मकान पर बुल्डोजर चलाकर उसे पूरी तरह जमींदोज कर दिया। आरोपी को भी पुलिस ने तेजी दिखाते हुए छापामारी कर गिरफ्तार कर लिया है।

दिल दहला देने वाली इस वारदात के बाद पुलिस अधीक्षक लखन सिंह यादव ने भारी पुलिस बल के साथ तत्काल घटनास्थल का मुआयना किया और मामले की संवेदनशीलता को देखते हुए आरोपी के खिलाफ कड़ा संदेश देने की रणनीति तैयार की। राजस्व विभाग द्वारा जब त्वरित रूप से आरोपी फरमान पुत्र अहमद अली, निवासी ग्राम मदारीपुर के घर की जांच और पैमाइश कराई गई, तो उसका निर्माण अवैध पाया गया। इसके बाद प्रशासनिक अधिकारियों की मौजूदगी में आधी रात को ही भारी मशीनरी के साथ मौके पर पहुंचकर आरोपी के अवैध आशियाने को मलबे में तब्दील कर दिया गया। उधर, इस हैवानियत का शिकार हुई मासूम बच्ची अस्पताल में जिंदगी और मौत के बीच जूझ रही है, जहां उसकी हालत बेहद नाजुक और चिंताजनक बनी हुई है।

इस जघन्य अपराध को लेकर थाना रहरा में मु0अ0सं0-141/2026 के अंतर्गत भारतीय न्याय संहिता (बीएनएस) की धारा 65(2), 352, 115(2), 351(2) सहित पॉक्सो एक्ट की धारा 5(M)/6 और एससी/एसटी एक्ट की धारा 3(1)(द)(ध) जैसी बेहद संगीन और गैर-जमानती धाराओं में मुकदमा दर्ज किया गया है। पुलिस ने तेजी दिखाते हुए आरोपी को गिरफ्तार कर लिया है। जनपद अमरोहा पुलिस ने इस संबंध में कड़ा रुख अख्तियार करते हुए साफ किया है कि इस प्रकार के दुस्साहस करने वाले अपराधियों के प्रति किसी भी स्तर पर कोई नरमी नहीं बरती जाएगी।
