हॉकी वर्ल्ड कप 2026 शुरू होने से पहले भारतीय टीम की नई जर्सी को लेकर विवाद छिड़ गया है। हॉकी इंडिया द्वारा पुरुष और महिला राष्ट्रीय टीम के लिए नई नारंगी जर्सी लॉन्च किए जाने के बाद पूर्व भारतीय कप्तान और ओलंपियन विरेन रास्किन्हा ने इस फैसले पर सवाल उठाए हैं। उनका कहना है कि भारतीय हॉकी टीम की पहचान हमेशा से नीले रंग की जर्सी रही है और इसे बदलने का कोई ठोस कारण समझ नहीं आता।
सोशल मीडिया पर अपनी प्रतिक्रिया देते हुए विरेन रास्किन्हा ने लिखा कि हॉकी इंडिया ने खेल के लिए कई अच्छे कदम उठाए हैं, लेकिन टीम की पारंपरिक नीली जर्सी बदलना निराशाजनक फैसला है। उन्होंने कहा कि उन्होंने वर्षों तक गर्व के साथ नीली जर्सी पहनी है और भारतीय फैंस भी टीम को उसी रंग में देखना पसंद करते हैं। उन्होंने सवाल उठाया कि आखिर नारंगी जर्सी अपनाने के पीछे क्या तर्क है।
इस मुद्दे ने राजनीतिक रंग भी ले लिया है। कांग्रेस सांसद प्रियंका गांधी वाड्रा ने भी सोशल मीडिया पर पोस्ट करते हुए कहा कि चाहे यूनिफॉर्म बदली जाए या शिक्षा के जरिए इतिहास को बदलने की कोशिश हो, देश के युवाओं की आवाज को नजरअंदाज नहीं किया जा सकता। उन्होंने जंतर-मंतर पर छात्रों के प्रदर्शन का जिक्र करते हुए इसे देश की भावना बताया।
इसी बीच हॉकी वर्ल्ड कप 2026 के लिए भारतीय टीम अपनी तैयारियों में जुटी हुई है। पुरुष टीम को पूल D में इंग्लैंड, वेल्स और चिर प्रतिद्वंद्वी पाकिस्तान के साथ रखा गया है। भारत 1975 के बाद पहली बार विश्व कप जीतने के लक्ष्य के साथ मैदान में उतरेगा। पिछले कुछ वर्षों में लगातार दो ओलंपिक कांस्य पदक, एशियाई स्तर पर शानदार प्रदर्शन और कई खिताब जीतने के बाद टीम इस बार खिताब जीतने की उम्मीद के साथ उतरेगी।
वहीं भारतीय महिला टीम 16 अगस्त से अपने अभियान की शुरुआत चीन के खिलाफ करेगी। इसके बाद टीम दक्षिण अफ्रीका और इंग्लैंड से भिड़ेगी। रवाना होने से पहले कप्तान सलीमा टेटे ने कहा कि टीम ने बेहतरीन तैयारी की है और सभी खिलाड़ी चुनौती के लिए पूरी तरह तैयार हैं। उन्होंने विश्वास जताया कि भारत सकारात्मक शुरुआत करते हुए विश्व कप में दमदार प्रदर्शन करेगा और देश का नाम रोशन करने की पूरी कोशिश करेगा।
पुरुष हॉकी वर्ल्ड कप 14 से 30 अगस्त तक बेल्जियम और नीदरलैंड में खेला जाएगा, जबकि महिला हॉकी वर्ल्ड कप 15 से 30 अगस्त के बीच आयोजित होगा।
