मुरादाबाद। उत्तर प्रदेश सरकार द्वारा व्यापारियों एवं करदाताओं को राहत प्रदान करने तथा पुराने कर विवादों का शीघ्र निस्तारण सुनिश्चित करने के उद्देश्य से ब्याज माफी योजना-2026 लागू की गई है। उपायुक्त (प्रशासन), राज्य कर, मुरादाबाद एस.पी. यादव ने जनपद के समस्त संबंधित व्यापारियों एवं करदाताओं को सूचित करते हुए बताया कि वे योजना का लाभ उठाकर अपने बकाया कर प्रकरणों का निस्तारण कराएं और निर्धारित प्रावधानों के अनुसार ब्याज एवं अर्थदण्ड में देय छूट का लाभ प्राप्त करें।
उन्होंने बताया कि 31 दिसंबर 2025 तक के व्यापार कर, वैट, प्रवेश कर, केंद्रीय बिक्री कर एवं मनोरंजन कर से संबंधित सृजित बकायों पर नियमानुसार ब्याज तथा पात्र अर्थदण्ड में छूट का प्रावधान किया गया है। इस योजना का प्रमुख उद्देश्य बकाया कर की वसूली को सरल बनाना, करदाताओं को राहत देना तथा पुराने कर विवादों का त्वरित समाधान करना है।
मूल बकाया धनराशि के आधार पर ब्याज में मिलेगी छूट
योजना के अंतर्गत मूल बकाया धनराशि के आधार पर ब्याज में छूट का प्रावधान किया गया है।
उन्होंने बताया कि जिन करदाताओं की मूल बकाया धनराशि 10 लाख रुपये तक है, उन्हें ब्याज में 100 प्रतिशत छूट प्रदान की जाएगी। 10 लाख रुपये से अधिक तथा एक करोड़ रुपये तक की मूल बकाया धनराशि पर ब्याज में 90 प्रतिशत छूट मिलेगी। एक करोड़ रुपये से अधिक तथा पांच करोड़ रुपये तक की मूल बकाया धनराशि वाले प्रकरणों में ब्याज पर 75 प्रतिशत छूट का प्रावधान है। वहीं, पांच करोड़ रुपये से अधिक की मूल बकाया धनराशि वाले प्रकरणों में ब्याज पर 50 प्रतिशत छूट प्रदान की जाएगी।
इसके अतिरिक्त, पात्र अर्थदण्ड के संबंध में नियमानुसार 100 प्रतिशत तक छूट का प्रावधान किया गया है। छूट का वास्तविक लाभ संबंधित कर निर्धारण आदेश, बकाया प्रकरण की स्थिति तथा शासनादेश में निर्धारित शर्तों के अनुरूप देय होगा।
योजना का लाभ लेने के लिए आवेदन करना अनिवार्य
उपायुक्त (प्रशासन) राज्य कर एस.पी. यादव ने बताया कि योजना का लाभ प्राप्त करने के लिए संबंधित करदाता को अपने कर निर्धारण आदेश के अनुसार मूल बकाया धनराशि जमा करनी होगी। इसके उपरांत संबंधित आदेश के सापेक्ष देय ब्याज एवं अर्थदण्ड की गणना शासनादेश में निर्धारित प्रावधानों के अनुसार की जाएगी। योजना के अंतर्गत देय धनराशि जमा करने के बाद संबंधित कर निर्धारण आदेश के लिए निर्धारित प्रक्रिया के अनुसार विभागीय पोर्टल पर आवेदन प्रस्तुत करना होगा। प्रत्येक आदेश के लिए अलग-अलग आवेदन करना आवश्यक है।
उन्होंने स्पष्ट किया कि योजना का लाभ केवल निर्धारित नियमों, शर्तों एवं पात्रता के अनुरूप ही प्रदान किया जाएगा। पूर्व में पूर्ण अथवा आंशिक भुगतान कर चुके करदाता भी शासनादेश में निर्धारित पात्रता एवं शर्तों के अनुसार योजना का लाभ प्राप्त कर सकते हैं।
तीन माह तक प्रभावी रहेगी योजना
शासनादेश के अनुसार, ब्याज माफी योजना-2026 तीन माह तक प्रभावी रहेगी। अतः संबंधित व्यापारी एवं करदाता निर्धारित अवधि के भीतर आवश्यक औपचारिकताएं पूर्ण करते हुए आवेदन करें, ताकि उन्हें योजना के अंतर्गत अनुमन्य छूट का लाभ मिल सके।
उपायुक्त (प्रशासन) एस.पी. यादव ने सभी पात्र करदाताओं को अवगत कराया है कि वे इस अवसर का लाभ उठाकर अपने पुराने बकाया कर प्रकरणों का निस्तारण कराएं। योजना से संबंधित विस्तृत जानकारी के लिए विभागीय हेल्पलाइन नंबर 0591-2972958 पर संपर्क किया जा सकता है। इसके अतिरिक्त विभागीय वेबसाइट http://comtax.up.nic.in पर भी जानकारी प्राप्त की जा सकती है।
