मुरादाबाद। जिले के भोजपुर थाना क्षेत्र के ग्राम धारक नगला में मंगलवार को उस समय हड़कंप मच गया, जब सरकारी देशी शराब की दुकान के पास स्थित नहर में एक युवक का शव उतराता हुआ दिखाई दिया। मृतक की पहचान हिमायूंपुर निवासी उपदेशपाल के रूप में हुई है, जो बीते 13 दिनों से लापता था।
प्राप्त जानकारी के अनुसार हिमायूंपुर गांव निवासी उपदेशपाल 1 जनवरी की शाम करीब पांच बजे धारक नगला जाने की बात कहकर घर से निकला था, लेकिन उसके बाद वह वापस नहीं लौटा। परिजनों ने लगातार दस दिनों तक आसपास के गांवों और रिश्तेदारों में उसकी तलाश की, पर कोई सुराग नहीं मिला। अंततः रविवार को मृतक के भाई वेगपाल ने भोजपुर थाने में उसकी गुमशुदगी की रिपोर्ट दर्ज कराई थी।
मंगलवार को धारक नगला गांव में देशी शराब की दुकान के समीप नहर में ग्रामीणों ने पानी के ऊपर एक शव उतराता हुआ देखा, जिससे इलाके में अफरा-तफरी मच गई। सूचना पर पुलिस मौके पर पहुंची और शव को नहर से बाहर निकलवाया। मौके पर पहुंचे परिजनों में मृतक की पत्नी अर्चना ने शव की पहचान अपने पति उपदेशपाल के रूप में की।

परिजनों ने जताई हत्या की आशंका
तेरह दिन बाद युवक का शव मिलने से परिजनों में कोहराम मच गया। परिजनों ने इस मामले को संदिग्ध बताते हुए हत्या की आशंका जताई है। उनका कहना है कि उपदेशपाल की किसी से कोई दुश्मनी नहीं थी और जिस परिस्थिति में शव नहर में मिला है, वह कई सवाल खड़े करता है।

फॉरेंसिक जांच, पोस्टमार्टम के बाद खुलेगा राज
प्रभारी निरीक्षक संजय कुमार ने बताया कि सूचना मिलते ही फॉरेंसिक टीम को मौके पर बुलाकर साक्ष्य जुटाए गए। आवश्यक कार्रवाई के बाद शव का पंचनामा भरकर उसे पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया गया है। उन्होंने स्पष्ट किया कि पोस्टमार्टम रिपोर्ट आने के बाद ही मृत्यु के कारणों की पुष्टि हो सकेगी। पुलिस सभी पहलुओं को ध्यान में रखकर मामले की जांच कर रही है।
युवक की मौत को लेकर गांव और आसपास के क्षेत्र में चर्चा का माहौल बना हुआ है, वहीं परिजन न्याय की मांग कर रहे हैं@ZAFAR-INN
