मुरादाबाद। महानगर में ब्राह्मण समाज के प्रखर चिंतक, वरिष्ठ अधिवक्ता एवं सामाजिक सरोकारों से जुड़े पुरोधा पंडित सुधीर कुमार शर्मा एडवोकेट का जन्मदिन मंगलवार को पूरे श्रद्धा, सम्मान और उत्साह के साथ मनाया गया। बुध बाजार के एक प्रतिष्ठित रेस्टोरेंट में आयोजित इस कार्यक्रम का आयोजन हिंदू युवा विचार मंच द्वारा किया गया, जिसमें बड़ी संख्या में समाजसेवी, बुद्धिजीवी, युवा कार्यकर्ता एवं संगठन के पदाधिकारी शामिल हुए।
कार्यक्रम का वातावरण शुरुआत से ही आत्मीयता और सम्मान से परिपूर्ण रहा। मंच से वक्ताओं ने पंडित सुधीर कुमार शर्मा को महानगर के ब्राह्मण समाज का मजबूत स्तंभ, सनातन संस्कृति का सजग प्रहरी और सामाजिक समरसता का संवाहक बताते हुए उनके स्वस्थ, दीर्घ एवं यशस्वी जीवन की कामना की।

समाज के हर वर्ग से जुड़ा है पं. सुधीर शर्मा का व्यक्तित्व
वक्ताओं ने अपने संबोधन में कहा कि पंडित सुधीर कुमार शर्मा केवल एक सफल अधिवक्ता ही नहीं, बल्कि समाज को दिशा देने वाले ऐसे विचारशील व्यक्तित्व हैं, जिन्होंने हमेशा न्याय, नैतिकता और सांस्कृतिक मूल्यों की रक्षा के लिए आवाज बुलंद की है। उन्होंने युवाओं को राष्ट्र, धर्म और समाज के प्रति जागरूक करने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाई है।
कार्यक्रम में मौजूद लोगों ने कहा कि पं. सुधीर शर्मा का जीवन अनुशासन, सेवा और संघर्ष का जीवंत उदाहरण है। वे वर्षों से सामाजिक एवं धार्मिक मुद्दों पर संतुलित और सार्थक दृष्टिकोण के साथ अपनी बात रखते आ रहे हैं, जिससे समाज में सकारात्मक संवाद की परंपरा बनी है।

शंकराचार्य विवाद पर सरकार से की संवेदनशील अपील
कार्यक्रम के दौरान पंडित सुधीर कुमार शर्मा एडवोकेट ने उपस्थित जनसमूह को संबोधित करते हुए शंकराचार्य विवाद को लेकर गंभीर और भावनात्मक अपील की। उन्होंने कहा-
“शंकराचार्य केवल एक पद नहीं, बल्कि समस्त सनातनियों की सर्वोच्च आस्था का केंद्र हैं। यह विषय किसी एक व्यक्ति या संस्था तक सीमित नहीं है, बल्कि इससे करोड़ों हिंदुओं की भावनाएं जुड़ी हुई हैं।”
उन्होंने प्रदेश सरकार से आग्रह किया कि इस विषय को राजनीतिक या प्रशासनिक दृष्टि से नहीं, बल्कि संवेदनशील धार्मिक एवं सांस्कृतिक परिप्रेक्ष्य में देखा जाए। उन्होंने कहा कि शंकराचार्य सनातन समाज के लिए ईश्वर तुल्य हैं और उनसे जुड़ा कोई भी विवाद पूरे हिंदू समाज को मथने का काम करता है।

पं. सुधीर शर्मा ने कहा कि वर्तमान में इस मुद्दे को लेकर समाज में अनावश्यक चर्चाएं और भ्रम की स्थिति उत्पन्न हो रही है, जो दीर्घकाल में सामाजिक समरसता को प्रभावित कर सकती है। इसलिए सरकार को चाहिए कि वह शंकराचार्य की गरिमा और महत्व को समझते हुए शीघ्र, सम्मानजनक और स्थायी समाधान की दिशा में ठोस कदम उठाए।
हिंदू युवा विचार मंच की सक्रिय भूमिका की सराहना
इस अवसर पर हिंदू युवा विचार मंच के पदाधिकारियों ने कहा कि संगठन का उद्देश्य समाज में वैचारिक जागरूकता, सांस्कृतिक चेतना और राष्ट्रहित से जुड़े विषयों पर संवाद को बढ़ावा देना है। पं. सुधीर शर्मा जैसे मार्गदर्शक व्यक्तित्व युवाओं के लिए प्रेरणास्रोत हैं। कार्यक्रम के अंत में पंडित सुधीर कुमार शर्मा एडवोकेट ने उपस्थित सभी अतिथियों, पदाधिकारियों एवं कार्यकर्ताओं का हृदय से आभार व्यक्त करते हुए कहा कि समाज का यह स्नेह और विश्वास उन्हें आगे भी सामाजिक दायित्वों के निर्वहन के लिए प्रेरित करता रहेगा।

इनकी रही प्रमुख उपस्थिति
कार्यक्रम में हिंदू युवा विचार मंच के राजीव शर्मा, विकास शर्मा, सोनू गंगनेजा, मनु, रोहित गुप्ता, अर्चित रस्तोगी, पीयूष गुप्ता, तुषार, अजीत गुप्ता, रजत सहित संगठन के अनेक पदाधिकारी एवं कार्यकर्ता बड़ी संख्या में मौजूद रहे। सभी ने एक स्वर में पं. सुधीर कुमार शर्मा के नेतृत्व, विचारशीलता और सामाजिक योगदान की सराहना की।
