मुरादाबाद। जिलाधिकारी अनुज सिंह ने कलेक्ट्रेट सभागार में आयोजित समीक्षा बैठक के दौरान आईसीडीएस विभाग के अंतर्गत संचालित आंगनबाड़ी केंद्रों की गतिविधियों की गहन समीक्षा की। बैठक में कुपोषण की स्थिति, पोषण प्रबंधन, केंद्रों का संचालन एवं शासन द्वारा निर्धारित मानकों पर प्रगति को लेकर विस्तृत चर्चा की गई।

जिलाधिकारी ने जनपद में गंभीर अति कुपोषित (SAM) श्रेणी में चिन्हित बच्चों को पोषण पुनर्वास केंद्र (NRC) के माध्यम से समयबद्ध पोषण उपचार उपलब्ध कराने को सर्वोच्च प्राथमिकता देने के निर्देश दिए। उन्होंने स्पष्ट कहा कि ऐसे बच्चों की पहचान कर उनके अभिभावकों को एनआरसी में उपलब्ध पोषण सुविधाओं के प्रति जागरूक और प्रेरित किया जाए, ताकि बच्चों को शीघ्र भर्ती कर समुचित उपचार सुनिश्चित हो सके।

समीक्षा के दौरान परियोजना क्षेत्र कुंदरकी और मूंढापांडे की प्रगति शासन के निर्धारित पैरामीटर के अनुरूप संतोषजनक न पाए जाने पर जिलाधिकारी ने कड़ी नाराज़गी व्यक्त की। उन्होंने संबंधित बाल विकास परियोजना अधिकारियों को चेतावनी देते हुए निर्देशित किया कि प्रत्येक गतिविधि में राज्य के औसत प्रतिशत से कम प्रगति स्वीकार्य नहीं होगी और इसमें तत्काल सुधार लाया जाए।

जिलाधिकारी ने जिला कार्यक्रम अधिकारी को निर्देश दिए कि पोषाहार वितरण के साथ-साथ प्रत्येक तीन माह में फोर्टीफाइड चावल का वितरण अनिवार्य रूप से सुनिश्चित किया जाए, साथ ही इसकी नियमित एवं प्रभावी मॉनिटरिंग भी की जाए।
उन्होंने आंगनबाड़ी केंद्रों के अनुरक्षण हेतु प्राप्त धनराशि के सदुपयोग पर विशेष बल देते हुए कहा कि केंद्रों में संचालित गतिविधियों की सतत निगरानी हो तथा वीएचएसएनडी सत्रों का आयोजन पूरी गंभीरता और गुणवत्ता के साथ किया जाए।

बैठक में मुख्य विकास अधिकारी सुश्री मृणाली अविनाश जोशी, जिला कार्यक्रम अधिकारी आशुतोष राय, सहित संबंधित विभागीय अधिकारी, सीडीपीओ एवं मुख्य सेविकाएं उपस्थित रहीं।
