भारत सरकार ने देश के वीर सैनिकों के सम्मान में एक बड़ा और अहम फैसला लिया है। अब सेना, नौसेना और वायुसेना के वीरता पदक पाने वाले जवानों को भारतीय रेलवे में जिंदगी भर मुफ्त सफर की सुविधा मिलेगी।
रक्षा अधिकारियों के मुताबिक, जिन सैनिकों को सेना मेडल, नौसेना मेडल और वायुसेना मेडल (वीरता) से सम्मानित किया गया है, वे अब फर्स्ट क्लास, सेकेंड एसी (2AC) और एसी चेयर कार में बिना टिकट यात्रा कर सकेंगे। इतना ही नहीं, उनके साथ एक साथी (कंपैनियन) को भी मुफ्त यात्रा की अनुमति होगी।
यह सुविधा सिर्फ पदक विजेताओं तक ही सीमित नहीं रहेगी। सरकार के आदेश के अनुसार उनके परिवार के सदस्य भी इसका लाभ उठा सकेंगे। इसमें जीवनसाथी (पति या पत्नी), शहीद जवानों की विधवा या विधुर (पुनर्विवाह तक), और मरणोपरांत सम्मानित अविवाहित सैनिकों के माता-पिता शामिल हैं।
अब तक यह सुविधा केवल देश के छह प्रमुख ‘चक्र’ वीरता पुरस्कार—परमवीर चक्र, महावीर चक्र, वीर चक्र, अशोक चक्र, कीर्ति चक्र और शौर्य चक्र—से सम्मानित लोगों को ही मिलती थी। लेकिन अब इस दायरे को बढ़ाते हुए सेना, नौसेना और वायुसेना के वीरता पदक विजेताओं को भी इसमें शामिल कर लिया गया है।
विशेषज्ञों का मानना है कि सरकार का यह कदम सैनिकों का हौसला बढ़ाने वाला है। यह सिर्फ एक सुविधा नहीं, बल्कि देश की तरफ से उन जांबाजों के लिए सम्मान और आभार का प्रतीक है, जिन्होंने देश की रक्षा के लिए हर खतरे का सामना किया। जल्द ही रेलवे द्वारा पात्र लोगों को लाइफटाइम फ्री ट्रैवल पास या कार्ड जारी करने की प्रक्रिया शुरू की जाएगी।
