मुरादाबाद। अवैध रूप से संचालित अस्पतालों और झोलाछाप चिकित्सकों के खिलाफ स्वास्थ्य विभाग ने बड़ा अभियान चलाते हुए कई संस्थानों पर ताबड़तोड़ कार्रवाई की। जिलाधिकारी डॉ. राजेन्द्र पैंसिया के निर्देश पर उपमुख्य चिकित्सा अधिकारी डा. संजीव कुमार बेलवाल के नेतृत्व में हुई इस कार्रवाई ने जिले में चल रहे फर्जी चिकित्सा कारोबार की पोल खोल दी।
लगातार मिल रही जन शिकायतों और आईजीआरएस पोर्टल पर दर्ज मामलों के बाद स्वास्थ्य विभाग की टीम ने रामपुर दोराहा स्थित “समाज हेल्थ केयर” पर छापा मारा। यहां हाल ही में डिलीवरी के बाद भर्ती एक महिला मरीज मिली। हैरानी की बात यह रही कि अस्पताल में न तो कोई योग्य डॉक्टर मौजूद था और न ही प्रशिक्षित पैरामेडिकल स्टाफ। अस्पताल में चिकित्सा उपकरण और सामग्री अनियमित रूप से संचालित हालत में मिलने पर विभाग ने पूरा सामान जब्त कर लिया और विधिक कार्रवाई शुरू कर दी।
इसके बाद पीतल बस्ती स्थित “किंग स्किन केयर” पर छापेमारी की गई, जहां डॉ. मोहम्मद अशरफ नामक व्यक्ति मरीजों का इलाज करते मिले। जांच के दौरान वह अपनी कोई वैध मेडिकल डिग्री या पंजीकरण प्रमाण पत्र नहीं दिखा सके। मौके से बिना नाम और लेबल की संदिग्ध दवाइयां व पाउडर बरामद हुए, जिन्हें कब्जे में लेकर जांच शुरू कर दी गई है। स्वास्थ्य विभाग को आशंका है कि यहां लंबे समय से बिना मान्यता के इलाज किया जा रहा था।
स्वास्थ्य विभाग की टीम जब “चांद हेल्थ केयर” पहुंची तो वह पहले से सील मिला। इसके बाद गुलाबबाड़ी स्थित “केयर हॉस्पिटल” का निरीक्षण किया गया, जहां भी कोई योग्य चिकित्सक या प्रशिक्षित स्टाफ मौजूद नहीं मिला। गंभीर अनियमितताओं को देखते हुए विभाग ने अस्पताल को तत्काल प्रभाव से सील कर दिया।
स्वास्थ्य विभाग की इस कार्रवाई से जिले में अवैध अस्पताल संचालकों और झोलाछाप चिकित्सकों में हड़कंप मचा हुआ है। उपमुख्य चिकित्सा अधिकारी डॉ. बेलवाल ने साफ कहा कि जनपद में फर्जी अस्पतालों, अपंजीकृत क्लीनिकों और अवैध चिकित्सकों के खिलाफ अभियान लगातार जारी रहेगा तथा आमजन की जिंदगी से खिलवाड़ करने वालों पर कठोर कानूनी कार्रवाई की जाएगी।
