मुरादाबाद। जिला महिला चिकित्सालय में शुक्रवार को विश्व फार्मासिस्ट दिवस के अवसर पर विशेष कार्यक्रम का आयोजन किया गया। कार्यक्रम दोपहर करीब तीन बजे शुरू हुआ, जिसमें स्वास्थ्य विभाग के अधिकारियों, चिकित्सकों, फार्मासिस्टों और चिकित्सालय के विभिन्न विभागों में तैनात कर्मचारियों ने प्रतिभाग किया। कार्यक्रम के दौरान स्वास्थ्य सेवाओं को प्रभावी बनाने में फार्मासिस्टों की महत्वपूर्ण भूमिका पर विस्तार से चर्चा की गई।

कार्यक्रम में मुख्य चिकित्सा अधिकारी (सीएमओ) डॉ. कुलदीप गुप्ता, चिकित्सा अधीक्षक (सीएमएस) सहित स्वास्थ्य विभाग के अन्य वरिष्ठ अधिकारी मौजूद रहे। अधिकारियों और चिकित्सकों ने विश्व फार्मासिस्ट दिवस की शुभकामनाएं देते हुए फार्मासिस्टों के कार्यों और जिम्मेदारियों की सराहना की।
कार्यक्रम को संबोधित करते हुए अधिकारियों ने कहा कि फार्मासिस्ट स्वास्थ्य व्यवस्था की महत्वपूर्ण कड़ी हैं। चिकित्सक द्वारा मरीज को उपचार और दवा निर्धारित किए जाने के बाद सही दवा उपलब्ध कराने, उसकी उचित मात्रा एवं सेवन की जानकारी देने तथा दवाओं के सुरक्षित उपयोग को सुनिश्चित करने में फार्मासिस्ट की अहम भूमिका होती है। अस्पतालों में मरीजों को बेहतर और गुणवत्तापूर्ण स्वास्थ्य सेवाएं उपलब्ध कराने में फार्मासिस्ट चिकित्सकों और अन्य स्वास्थ्यकर्मियों के साथ समन्वय बनाकर कार्य करते हैं।

अधिकारियों ने कहा कि सरकारी स्वास्थ्य संस्थानों में बड़ी संख्या में मरीज उपचार के लिए पहुंचते हैं। ऐसे में दवाओं की उपलब्धता, सही दवा का वितरण और मरीजों को आवश्यक जानकारी उपलब्ध कराना अत्यंत महत्वपूर्ण है। फार्मासिस्ट अपने दायित्वों का जिम्मेदारी और निष्ठा के साथ निर्वहन करते हुए स्वास्थ्य सेवाओं को अधिक प्रभावी बनाने में महत्वपूर्ण योगदान दे सकते हैं।

इस अवसर पर फार्मासिस्टों ने भी अपने कार्य से जुड़े अनुभव साझा किए और मरीजों को बेहतर सेवाएं उपलब्ध कराने के लिए आपसी समन्वय एवं जिम्मेदारी के साथ कार्य करने पर जोर दिया। कार्यक्रम में स्वास्थ्य सेवाओं की गुणवत्ता में सुधार, मरीजों के प्रति संवेदनशील व्यवहार और दवाओं के सुरक्षित एवं उचित उपयोग को लेकर भी चर्चा हुई।
कार्यक्रम के अंत में उपस्थित अधिकारियों, चिकित्सकों, फार्मासिस्टों और कर्मचारियों ने जनस्वास्थ्य सेवाओं को और अधिक प्रभावी, गुणवत्तापूर्ण एवं जनहितकारी बनाने के लिए अपने दायित्वों का बेहतर ढंग से निर्वहन करने का संकल्प लिया।
इस दौरान जिला महिला चिकित्सालय के बड़ी संख्या में फार्मासिस्ट, चिकित्सक, नर्सिंग स्टाफ और अन्य स्वास्थ्यकर्मी मौजूद रहे@शांतनु/INN
