मुरादाबाद (पीपलसाना)।छोटे से गांव पीपलसाना से एक बड़ी और प्रेरणादायक खबर सामने आई है, जहां साधारण परिवार की होनहार बेटी उमैरा कमाल ने अपनी प्रतिभा के दम पर पूरे क्षेत्र का नाम रोशन कर दिया है। उमैरा ने नवोदय विद्यालय की प्रवेश परीक्षा में शानदार प्रदर्शन करते हुए अखिल भारतीय स्तर पर 9वां स्थान प्राप्त किया है। उनकी इस उपलब्धि ने न केवल परिवार, बल्कि पूरे गांव और क्षेत्र को गर्व से भर दिया है।
उमैरा की इस सफलता के पीछे उनके पिता मौहसिन कमाल का वर्षों का संघर्ष, त्याग और शिक्षा के प्रति समर्पण साफ झलकता है। पिछड़े एवं साधारण परिवार से ताल्लुक रखने वाले मौहसिन कमाल ने जीवन में अनेक कठिनाइयों का सामना किया, लेकिन कभी हार नहीं मानी। अल्पायु में ही उन्होंने सामाजिक विकास के क्षेत्र में काम करना शुरू कर दिया था और स्वरोजगार के रूप में एक स्कूल की स्थापना कर ग्रामीण क्षेत्र में शिक्षा की अलख जगाई।
मौहसिन कमाल की लोकप्रियता का अंदाजा इसी बात से लगाया जा सकता है कि क्षेत्र की जनता ने उन्हें एक बार बीडीसी सदस्य भी चुना। हालांकि, उनकी रुचि राजनीति में कम और शिक्षा के क्षेत्र में अधिक थी। वे हमेशा से चाहते थे कि समाज में शिक्षा का स्तर बेहतर हो और बच्चे आगे बढ़ें।

आर्थिक और सामाजिक चुनौतियों के चलते वे अपने जीवन में वह मुकाम हासिल नहीं कर सके, जिसका उन्होंने सपना देखा था। लेकिन उन्होंने हार मानने के बजाय एक नया लक्ष्य तय किया-अपने अधूरे सपनों को अपने बच्चों के माध्यम से पूरा करने का।
आज उनकी वही मेहनत और संकल्प रंग लाया है। उनकी बेटी उमैरा कमाल ने इस दिशा में पहला बड़ा कदम बढ़ाते हुए यह साबित कर दिया कि अगर हौसले बुलंद हों तो कोई भी लक्ष्य असंभव नहीं होता।
उमैरा की इस सफलता से पूरे गांव में खुशी का माहौल है। लोग उनके घर पहुंचकर परिवार को बधाई दे रहे हैं और बच्ची के उज्ज्वल भविष्य की कामना कर रहे हैं। यह उपलब्धि न सिर्फ एक परिवार की जीत है, बल्कि पूरे क्षेत्र के लिए प्रेरणा बन गई है@जफर-INN
