मुरादाबाद। जिलाधिकारी अनुज सिंह की अध्यक्षता में कलेक्ट्रेट सभागार में मुख्यमंत्री युवा उद्यमी विकास अभियान की प्रगति की समीक्षा के लिए महत्वपूर्ण बैठक आयोजित की गई। बैठक में योजना के तहत लक्ष्यों की प्राप्ति को लेकर बैंकों की कार्यप्रणाली पर विस्तार से चर्चा हुई और लंबित मामलों के शीघ्र निस्तारण के निर्देश दिए गए।
उपायुक्त उद्योग ने जानकारी दी कि जनपद को मिले 2800 के लक्ष्य के मुकाबले 25 मार्च 2026 तक 2328 आवेदन पत्रों को बैंकों ने स्वीकृति प्रदान कर दी है, जबकि 2121 आवेदनों पर ऋण वितरण की प्रक्रिया पूरी की जा चुकी है।

जिलाधिकारी ने स्पष्ट शब्दों में कहा कि वित्तीय वर्ष समाप्ति में अब बेहद कम समय शेष है, ऐसे में सभी बैंक लक्ष्य प्राप्ति को सर्वोच्च प्राथमिकता दें। उन्होंने लंबित प्रकरणों को तुरंत निपटाने और स्वीकृति व वितरण की गति तेज करने के निर्देश दिए। डीएम ने विशेष रूप से उन बैंकों पर फोकस करने को कहा जहां आवेदन लंबित हैं, ताकि शत-प्रतिशत स्वीकृति और अधिकतम वितरण सुनिश्चित कर जिले की रैंकिंग में सुधार लाया जा सके।
बैठक में विभिन्न बैंकों ने भी अपनी प्रतिबद्धता जताई। भारतीय स्टेट बैंक ने 119, पंजाब नेशनल बैंक ने 61, केनरा बैंक ने 31, बैंक ऑफ बड़ौदा ने 26, यूको बैंक ने 16, बैंक ऑफ इंडिया ने 21 और सेंट्रल बैंक ने 7 लंबित आवेदन पत्रों को शीघ्र स्वीकृत कर निस्तारित करने का आश्वासन दिया।

इसके अलावा, केसीसी और स्वयं सहायता समूह (एसएचजी) जैसी अन्य योजनाओं की प्रगति की भी समीक्षा की गई। जिलाधिकारी ने बैंक अधिकारियों को इन योजनाओं में भी सक्रिय भूमिका निभाने और लाभार्थियों तक समय पर लाभ पहुंचाने के निर्देश दिए।बैठक में विभिन्न बैंकों के अधिकारी और प्रतिनिधि मौजूद रहे।
