मुरादाबाद। थाना सिविल लाइंस क्षेत्र में एक युवक को फोन कॉल के बहाने बुलाकर उस पर किए गए बर्बर हमले ने पूरे इलाके में सनसनी फैला दी है। पीड़ित की पहचान अनमोल के रूप में हुई है, जिसकी हालत बेहद नाजुक बताई जा रही है। घटना के बाद से न सिर्फ परिवार दहशत में है, बल्कि आरोपियों की दबंगई और खुलेआम दी जा रही धमकियों ने पुलिस की कार्यप्रणाली पर भी सवाल खड़े कर दिए हैं।

फोन कॉल बना जाल, पहले से घात लगाए बैठे थे हमलावर
परिजनों के मुताबिक, 2 अप्रैल 2026 की रात करीब 10 बजे अनमोल के मोबाइल पर एक कॉल आया। कॉल करने वाले ने उसे मिलने के लिए बुलाया। अनमोल जैसे ही बताए गए स्थान हरथला सब्जी मंडी पहुंचा, वहां पहले से मौजूद सौरभ, विशाल और 2-3 अन्य युवक घात लगाए बैठे थे। आरोप है कि आते ही उन्होंने गाली-गलौज शुरू कर दी और देखते ही देखते अनमोल पर लाठी-डंडों और घूंसे-लातों से हमला बोल दिया।

बेरहमी की हदें पार, जबड़ा तोड़कर छोड़ा अधमरा
हमले की क्रूरता का अंदाजा इसी बात से लगाया जा सकता है कि अनमोल को इतनी बुरी तरह पीटा गया कि उसका जबड़ा पूरी तरह टूट गया। शरीर के कई हिस्सों में गंभीर चोटें आई हैं। घायल हालत में उसे अस्पताल में भर्ती कराया गया, जहां उसकी स्थिति अभी भी चिंताजनक बनी हुई है। डॉक्टरों के अनुसार, चोटें गंभीर हैं और इलाज लंबा चल सकता है।

“समझौता करो, नहीं तो जान से मार देंगे” — बहन का आरोप
पीड़ित की बहन राधिका ने बताया कि घटना के बाद से ही हमलावर लगातार उनके परिवार पर समझौते का दबाव बना रहे हैं। उन्होंने आरोप लगाया कि आरोपियों की ओर से बार-बार फोन कर धमकियां दी जा रही हैं कि अगर मामला वापस नहीं लिया तो पूरे परिवार को गंभीर परिणाम भुगतने होंगे।
राधिका ने यह भी बताया कि हमलावरों के कुछ लोग उनके घर के बाहर लगातार घूमते नजर आ रहे हैं, जिससे परिवार पूरी तरह डर और भय के माहौल में जी रहा है। “हमें हर समय अनहोनी का डर सता रहा है,” उन्होंने कहा।

CCTV में कैद हुई पूरी वारदात
परिजनों का दावा है कि जिस स्थान पर यह घटना हुई, वहां लगे सीसीटीवी कैमरों में पूरी वारदात रिकॉर्ड हो गई है। फुटेज में हमलावरों की पहचान साफ-साफ हो सकती है, जो इस केस में अहम सबूत साबित हो सकता है। इसके बावजूद अब तक आरोपियों की गिरफ्तारी न होना कई सवाल खड़े कर रहा है।

पुलिस कार्रवाई पर उठे सवाल
मामले में एफआईआर दर्ज होने के बाद जांच उपनिरीक्षक ऋषभ शर्मा को सौंपी गई है। पुलिस का कहना है कि आरोपियों की तलाश जारी है और जल्द ही उन्हें गिरफ्तार कर लिया जाएगा। हालांकि, घटना के कई दिन बीत जाने के बाद भी गिरफ्तारी न होने से परिजनों और स्थानीय लोगों में नाराजगी बढ़ती जा रही है।

इलाके में दहशत, लोगों में आक्रोश
इस घटना के बाद सिविल लाइंस क्षेत्र में दहशत का माहौल है। स्थानीय लोगों का कहना है कि अगर दिनदहाड़े या रात में इस तरह सुनियोजित हमला हो सकता है और आरोपी खुलेआम घूमकर धमकियां दे सकते हैं, तो आम नागरिक की सुरक्षा पर सवाल उठना लाजिमी है।
न्याय की गुहार, त्वरित कार्रवाई की मांग
पीड़ित की बहन राधिका ने वरिष्ठ पुलिस अधिकारियों से अपील की है कि आरोपियों को तुरंत गिरफ्तार कर सख्त कानूनी कार्रवाई की जाए। उन्होंने कहा कि यदि समय रहते कार्रवाई नहीं हुई, तो आरोपियों के हौसले और बुलंद होंगे और किसी भी बड़ी घटना से इनकार नहीं किया जा सकता@जफर-INN
