“अनावश्यक दस्तावेज मांगकर लाभार्थियों को न करें परेशान”
बैंकर्स की कार्यशैली पर जताई नाराजगी, अभद्रता पर एफआईआर की चेतावनी
मुरादाबाद। प्रधानमंत्री सूर्य घर मुफ्त बिजली योजना के क्रियान्वयन में हो रही देरी और बैंक स्तर पर लंबित मामलों को लेकर जिलाधिकारी डॉ. राजेन्द्र पैंसिया ने कड़ा रुख अपनाया है। बुधवार को कलेक्ट्रेट सभागार में आयोजित समीक्षा बैठक में डीएम ने बैंकर्स को स्पष्ट चेतावनी देते हुए कहा कि योजना के लाभार्थियों से अनावश्यक दस्तावेज मांगकर उन्हें परेशान न किया जाए और शासन के निर्देशों का अक्षरशः पालन सुनिश्चित किया जाए।

बैठक की अध्यक्षता करते हुए जिलाधिकारी ने कहा कि प्रधानमंत्री की महत्वाकांक्षी योजना का उद्देश्य आम लोगों को राहत देना है, इसलिए बैंक अपने स्तर से अलग नियम बनाकर योजना को प्रभावित न करें। उन्होंने कहा कि सभी बैंक योजना के क्रियान्वयन को गंभीरता से लें और लाभार्थियों को समयबद्ध तरीके से ऋण व स्वीकृति उपलब्ध कराएं।
बैठक में मौजूद वेंडर्स ने शिकायत की कि कई प्रकरण पिछले तीन माह से बैंकों में लंबित पड़े हैं, जिससे उपभोक्ताओं को परेशानी का सामना करना पड़ रहा है। इस पर जिलाधिकारी ने नाराजगी जताते हुए कहा कि बैंकर्स की भूमिका संतोषजनक नहीं है और अब इसकी नियमित निगरानी की जाएगी।

डीएम ने जिला विकास अधिकारी को निर्देश दिए कि योजना की साप्ताहिक मॉनिटरिंग की जाए तथा लंबित मामलों की समीक्षा कर रिपोर्ट प्रस्तुत की जाए। उन्होंने साफ कहा कि यदि किसी बैंक में 15 दिनों से अधिक समय तक पत्रावली लंबित रहती है तो संबंधित बैंक अधिकारी को उसका कारण बताना होगा।
बैठक के दौरान एक वेंडर ने बैंक कर्मचारियों द्वारा अभद्र व्यवहार किए जाने की शिकायत भी दर्ज कराई। इस पर जिलाधिकारी ने सख्त नाराजगी व्यक्त करते हुए कहा कि सभी के साथ सम्मानजनक व्यवहार होना चाहिए। उन्होंने चेतावनी दी कि अभद्रता करने वाले व्यक्तियों के विरुद्ध एफआईआर तक दर्ज कराई जाएगी।
बैठक में मुख्य विकास अधिकारी सुश्री मृणाली अविनाश जोशी, जॉइंट मजिस्ट्रेट सुश्री शक्ति दुबे सहित संबंधित विभागों के अधिकारी उपस्थित रहे।
