पटना में राष्ट्रीय जनता दल (RJD) के लोकभवन मार्च के दौरान बुधवार को जमकर हंगामा हुआ। पुलिस ने मार्च को रोकने के लिए डाक बंगला चौराहे पर बैरिकेडिंग की थी, लेकिन RJD कार्यकर्ताओं ने बैरिकेड तोड़कर आगे बढ़ने की कोशिश की। इसके बाद पुलिस ने प्रदर्शनकारियों को तितर-बितर करने के लिए वाटर कैनन का इस्तेमाल किया। इस दौरान नेता प्रतिपक्ष तेजस्वी यादव को पुलिस ने हिरासत में ले लिया।
RJD की ओर से यह मार्च छात्रों की समस्याओं, बेरोजगारी और सिवान में AK-47 से हुई फायरिंग के विरोध में निकाला गया था। बड़ी संख्या में पार्टी कार्यकर्ता हाथों में AK-47 के कटआउट लेकर प्रदर्शन में पहुंचे थे।
मार्च के दौरान तेजस्वी यादव ने बिहार सरकार पर निशाना साधते हुए आरोप लगाया कि पूरी कार्रवाई मुख्यमंत्री सम्राट चौधरी के निर्देश पर की जा रही है। उन्होंने कहा कि सरकार के ऐसे कदमों से आंदोलन पर कोई असर नहीं पड़ेगा, क्योंकि जनता अब सड़कों पर उतर चुकी है और पूरे मामले को समझ रही है।
RJD सांसद मीसा भारती भी प्रदर्शन में शामिल हुईं। उन्होंने कहा कि सुप्रीम कोर्ट ने भी छात्रों के खिलाफ AK-47 के इस्तेमाल का जिक्र किया है। मीसा भारती ने सवाल उठाया कि AK-47 के इस्तेमाल की अनुमति आखिर किसने दी। उन्होंने कहा कि यदि इसकी अनुमति जिलाधिकारी की ओर से दी गई थी तो उनके खिलाफ भी कार्रवाई होनी चाहिए। उन्होंने बिहार सरकार पर छात्रों के भविष्य के साथ खिलवाड़ करने का आरोप लगाया।
दरअसल, पटना में छात्र पहले से ही अपनी मांगों को लेकर आंदोलन कर रहे हैं। BPSC TRE-4 का विज्ञापन जारी होने के बाद प्रीलिम्स और मेंस परीक्षा में निगेटिव मार्किंग के मुद्दे पर छात्रों का विरोध जारी है। प्रदर्शनकारी इस व्यवस्था को हटाने की मांग कर रहे हैं।
RJD के लोकभवन मार्च को देखते हुए पटना ट्रैफिक पुलिस ने भी एडवाइजरी जारी की थी। पटना जंक्शन और पटना स्टेशन से डाक बंगला चौराहे की तरफ जाने वाले वाहनों की आवाजाही पर रोक लगाई गई है। ट्रैफिक पुलिस ने लोगों से वैकल्पिक मार्गों का इस्तेमाल करने और जारी दिशा-निर्देशों का पालन करने की अपील की है।
