मुरादाबाद।जिलाधिकारी अनुज सिंह की अध्यक्षता में कलेक्ट्रेट सभागार में जिला पोषण समिति की मासिक समीक्षा बैठक आयोजित की गई। बैठक में स्वास्थ्य, पोषण और बाल विकास से जुड़ी योजनाओं की प्रगति की गहन समीक्षा करते हुए जिलाधिकारी ने कई विभागों की कार्यशैली पर असंतोष व्यक्त किया और लापरवाही पर कड़ी कार्रवाई के संकेत दिए।
समीक्षा के दौरान जिलाधिकारी ने वीएचएसएनडी (Village Health, Sanitation and Nutrition Day) सत्रों के आयोजन, आवश्यक संसाधनों की उपलब्धता और स्टाफ की उपस्थिति को लेकर विस्तृत जानकारी ली। उन्होंने स्वास्थ्य विभाग एवं आईसीडीएस के अधिकारियों को स्पष्ट निर्देश दिए कि आगामी वीएचएसएनडी सत्रों का आयोजन पूरी तैयारी और प्रभावी ढंग से किया जाए। सभी सत्रों में संसाधनों की उपलब्धता और कर्मचारियों की अनिवार्य उपस्थिति सुनिश्चित की जाए।
जिलाधिकारी ने वीएचएसएनडी सत्रों के दौरान होने वाली जांचों और गतिविधियों की नियमित मॉनीटरिंग कराने के निर्देश दिए। उन्होंने कहा कि कार्य में लापरवाही बरतने वाली आशा एवं आंगनबाड़ी कार्यकत्रियों के विरुद्ध नियमानुसार कार्रवाई की जाएगी।

आईसीडीएस विभाग द्वारा आंगनबाड़ी केंद्रों के माध्यम से संचालित स्वास्थ्य एवं पोषण संबंधी गतिविधियों तथा डाटा अपलोडिंग की धीमी प्रगति पर जिलाधिकारी ने नाराजगी जाहिर की। उन्होंने अधिकारियों और कर्मचारियों को अपनी कार्यशैली में सुधार लाने के निर्देश देते हुए कहा कि योजनाओं का लाभ समय पर और सही पात्रों तक पहुंचना चाहिए।

बैठक में जिलाधिकारी ने यह भी निर्देश दिए कि 50 वर्ष से अधिक आयु के कार्मिकों की स्क्रीनिंग के लिए एक ठोस कार्ययोजना तैयार की जाए, ताकि कार्य करने में अक्षम कार्मिकों की पहचान कर आवश्यक कार्रवाई की जा सके।
पोषण पुनर्वास केंद्र (एनआरसी) को गंभीर अति कुपोषित बच्चों के उपचार की अहम कड़ी बताते हुए जिलाधिकारी ने कहा कि आशा एवं आंगनबाड़ी कार्यकत्रियों की उदासीनता के कारण जरूरतमंद बच्चों को इसका समुचित लाभ नहीं मिल पा रहा है। इस पर उन्होंने सभी बाल विकास परियोजना अधिकारियों को फटकार लगाते हुए बच्चों के स्वास्थ्य और पोषण को सर्वोच्च प्राथमिकता देने के निर्देश दिए तथा आंगनबाड़ी कार्यकत्रियों की सक्रियता बढ़ाने पर जोर दिया।

एफआरएस (फैमिली रजिस्टर सर्वे) कार्य की समीक्षा के दौरान 90 प्रतिशत प्रगति होने पर जिलाधिकारी ने निर्देश दिया कि आंगनबाड़ी कार्यकत्रियां लाभार्थियों के घर जाकर एफआरएस का कार्य शत-प्रतिशत पूर्ण करें।
बैठक में मुख्य विकास अधिकारी सुश्री मृणाली अविनाश जोशी, जिला कार्यक्रम अधिकारी शैलेन्द्र राय, जिला विद्यालय निरीक्षक देवेंद्र पांडे, जिला बेसिक शिक्षा अधिकारी विमलेश कुमार सहित स्वास्थ्य एवं आईसीडीएस विभाग के अधिकारी उपस्थित रहे। जिलाधिकारी ने स्पष्ट किया कि पोषण और स्वास्थ्य से जुड़े मामलों में किसी भी स्तर पर लापरवाही बर्दाश्त नहीं की जाएगी।
